Sonam Wangchuk News: कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन के प्रमुख चेहरे एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल का बुधवार को 18वां दिन है। इस दौरान वे बेहद कमजोर हो गए हैं। हालांकि मेडिकल टीम उनके सेहत को लेकर चौबीसों घंटे मेडिकल निगरानी कर रही है।
इस पर जानकारी देते हुए सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत करने से इनकार करने पर सरकार पर क्रूर होने का आरोप लगाया। जानकारी दे दें कि NEET व अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ जंतर-मंतर पर CJP का विरोध प्रदर्शन बुधवार को 26वें दिन में प्रवेश कर गया।
बेहद कमजोर हो गए हैं सोनम वांगचुक
CJP की ओर से जारी मेडिकल बुलेटिन के अनुसार, सोनम वांगचुक अभी भी “बहुत कमजोर” हैं और 24 घंटे मेडिकल निगरानी में हैं। उनका वजन घटकर 57.15 किलो हो गया है। पिछले 24 घंटों में उनके वजन में 400 ग्राम की कमी दर्ज की गई है।
अब तक 8 किलो से ज्यादा घटा वजन
आगे बताया गया कि भूख हड़ताल शुरू होने के बाद से सोनम वांगचुक के वजन में कुल 8.9 किलो की कमी आई है। उनका ब्लड प्रेशर 105/76, ब्लड शुगर 80 mg/dL और ऑक्सीजन सैचुरेशन 97 प्रतिशत दर्ज किया गया, जबकि हाइड्रेशन की स्थिति ठीक बताई गई। इधर डॉक्टरों ने बताया कि वे होश में और मानसिक रूप से सतर्क हैं, लेकिन उन्हें लगातार निगरानी की आवश्यकता है।
दिल्ली हाईकोर्ट ने जारी किया है नोटिस
इधर सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर मंगलवार को दिल्ली हाईकोर्ट ने केंद्र और दिल्ली सरकार को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने गुरुवार तक दोनों सरकारों से जवाब दाखिल करने को कहा है। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कहा कि वह याचिका पर गुरुवार को सुनवाई करेगा।
कोर्ट ने आगे कहा, भारत सरकार की ओर से कोई उपस्थित नहीं है। हम याचिका पर विचार कर रहे हैं। हम इस मामले को कल ही सूचीबद्ध करेंगे और भारत सरकार से निर्देश लेने का अनुरोध करेंगे। याचिकाकर्ता ने केंद्र और दिल्ली सरकार को निर्देश देने की मांग की है कि सोनम वांगचुक को अस्पताल ले जाया जाए और उन्हें जबरन खाना खिलाया जाए। याचिका में कहा गया कि उनका तबीयत तेजी से बिगड़ रही है, उनका वजन 8.5 किलो तक घट गया है और अगर वे अपनी भूख हड़ताल जारी रखते हैं तो दो दिनों में उनकी जान जा सकती है।
यह भी पढ़ें: ‘दो दिन से ज्यादा जीवित रहना मुश्किल हो सकता है’, सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल को लेकर याचिका पर दिल्ली HC का नोटिस
सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक द्वारा की जा रही भूख हड़ताल को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है। इस मामले में अब दिल्ली हाई कोर्ट ने जनहित याचिका पर नोटिस जारी कर दिया है। अदालत ने कहा कि नोटिस दिल्ली सरकार (GNCTD) के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (ASG) और स्टैंडिंग काउंसिल (सिविल) के जरिए जारी किया जाएगा। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने यह भी कहा कि केंद्र सरकार की ओर से कोई प्रतिनिधि मौजूद नहीं था। हाई कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई बुधवार (16 जुलाई 2026) के लिए निर्धारित की है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
