श्रीलंका में एशिया कप खेलने टीम इंडिया काफी सवालों के साथ गई थी। टूर्नामेंट जीतकर लौटी तो काफी सवालों के जवाब मिले। इससे वर्ल्ड कप से पहले इंडियन टीम मैनेजमेंट ने राहत की सांस ली। कोच राहुल द्रविड़ और कप्तान रोहित शर्मा का हर दांव सफल हो रहा है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मोहाली में खेले गए पहले वनडे में मोहम्मद शमी ने 5 विकेट लिए।
शुभमन गिल बेहतरीन फॉर्म में चल रहे हैं। केएल राहुल भी अच्छी बल्लेबाजी कर रहे हैं। उन्होंने अर्धशतक जड़ा। जसप्रीत बुमराह अच्छी गेंदबाजी कर रहे हैं। ऐसा नहीं है कि टीम इंडिया की सारी चिंताएं खत्म हो गई हैं। कुछ जगहों पर सुधार की जरुरत है। इनमें से एक फील्डिंग है।
श्रेयस अय्यर की नहीं हुई परीक्षा
रोहित शर्मा की जगह ऋतुराज गायकवाड़ को प्लेइंग 11 में मौका मिला। ऋतुराज गायकवाड़ ने मौके का फायदा उठाया और अर्धशतक जड़ा। वह वर्ल्ड कप में नहीं चुने गए हैं, लेकिन चीन के हांगझू में एशियन गेम्स के लिए चुनी गई टीम की कप्तानी करेंगे। इस लिहाज से उनकी पारी अच्छी खबर है। शुभमन गिल के लिए साल 2023 बेहतरीन रहा है।
उन्होंने घरेलू मैदान पर पहले इंटरनेशनल मैच में शानदार बल्लेबाजी की। इस मैच में श्रेयस अय्यर पर निगाहें थीं। वह रन आउट हो गए। मोहाली के उमस भरे मौसम उन्होंने लंबी बल्लेबाजी की होती तो पता चलता कि वह कितने फिट हैं। इंदौर एकदिवसीय मैच में उन पर निगाहें होंगी।
इशान किशन पड़ सकते हैं श्रेयस अय्यर पर भारी
एशिया कप से पहले टीम इंडिया के लिए मिडिल ऑर्डर चिंता का कारण था। पाकिस्तान के खिलाफ ग्रुप स्टेज में इशान किशन को नंबर 5 पर मौका दिया गया। उन्होंने बेजोड़ पारी खेल न सिर्फ टीम को संकट से उबारा, बल्कि मिडिल ऑर्डर में एक बाएं हाथ के बल्लेबाज का विकल्प भी प्रदान किया।
उनका इस्तेमाल बतौर ओपनर भी किया जा सकता है। श्रेयस अय्यर के होने के बाद भी मोहाली वनडे में वह नंबर 5 पर खेले। यह कहना अभी थोड़ी जल्दबाजी होगी, लेकिन इशान किशन का ओपनिंग नहीं करना श्रेयस अय्यर के लिए झटका हो सकता है।
केएल राहुल की विकेटकीपिंग टीम को देती है ऑप्शन
केएल राहुल ने एशिया कप सुपर 4 में पाकिस्तान के खिलाफ शतक जड़ा था। चोट से लौटने के बाद पहले ही मैच में बड़ी पारी खेल उन्होंने बताया कि वर्ल्ड कप से पहले वह फिट हैं। इसके अलावा वह विकेटकीपिंग भी कर रहे हैं। राहुल के विकेटकीपिंग करने से टीम इंडिया को मिडिल ऑर्डर में ऑप्शन मिलते हैं।
ऐसे में टीम इंडिया मैनेजमेंट को केएल राहुल, इशान किशन और श्रेयस अय्यर में से 2 खिलाड़ियों को चुनना होगा। इशान किशन विकेटकीपिंग करते तो श्रेयस और राहुल में से किसी को एक बैठना पड़ता। केएल राहुल को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले दो वनडे में कप्तान बनाया गया है। मोहाली में उन्होंने नाबाद अर्धशतकीय पारी खेली।
रिजर्व बैट्समैन ने जड़ा अर्धशतक
वनडे इंटरनेशनल में लगातार फेल होने के बाद भी सूर्यकुमार यादव के वर्ल्ड कप में चयन पर काफी सवाल उठे थे। मोहाली में खेले गए वनडे इंटरनेशनल में सूर्यकुमार यादव ने अच्छी बल्लेबाजी की। उन्होंने अर्धशतक जड़ा। इससे उन्हें आत्मविश्वास मिला होगा।
वर्ल्ड कप से पहले रिजर्व बैट्समैन का चलना टीम इंडिया के लिए अच्छी खबर है। रविंद्र जडेजा गेंदबाजी अच्छी कर रहे हैं, लेकिन उनका बल्ला खामोश है। टीम इंडिया चाहेगी कि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरे वनडे में मौका मिले तो वह रन बनाएं।
पेस बैटरी बेहतरीन लय में
वर्ल्ड कप से पहले टीम इंडिया फ्रंटफुट पर है, तो इसका श्रेय तेज गेंदबाजी को जाता है। जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज और मोहम्मद शमी जैसे गेंदबाज से लैस पेस अटैक विपक्षी टीमों की कमर तोड़ने में अहम भूमिका निभा रहा है।
मोहम्मद शमी, मोहम्मद सिराज और जसप्रीत बुमराह में से 2 गेंदबाज ही मैच खेलेंगे। शायद ही किसी मैच में तीनों खेलें। तीनों में कोई भी दो गेंदबाज खेले विरोधी टीम के लिए 20 ओवर काफी घातक होंगे।
शार्दुल ठाकुर की गेंदबाजी कमजोर कड़ी
श्रीलंका के खिलाफ एशिया कप फाइनल में मोहम्मद सिराज ने 6 विकेट लिए थे। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले वनडे में शमी ने 5 विकेट लिए। जसप्रीत बुमराह काफी कसी हुई गेंदबाजी कर रहे हैं। शार्दुल ठाकुर की गेंदबाजी कमजोर कड़ी साबित हो सकती है।
उन्हें बल्लेबाजी में गहराई के लिए खिलाया जा रहा है। उन्हें लाइन लेंथ पर ध्यान देना होगा। हार्दिक पंड्या की वापसी पर यह कड़ी कमजोर नहीं दिखेगी। तब केवल 5 गेंदबाज का विकल्प नहीं होगा।
फील्डिंग है समस्या
वर्ल्ड कप से पहले टीम इंडिया को किसी चीज पर बहुत काम करना है तो वह क्षेत्र है फील्डिंग। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले वनडे में काफी खराब फील्डिंग हुई। इससे पहले एशिया कप में नेपाल और बांग्लादेश के खिलाफ भी फील्डिंग खराब रही।
श्रेयस अय्यर ने मोहाली में डेविड वॉर्नर का कैच छोड़ा। डेविड वॉर्नर ने अर्धशतक जड़ा। इससे पहले नेपाल के खिलाफ भी उन्होंने दो कैच टपकाए थे। मोहाली में केएल राहुल ने भी खराब विकेटकीपिंग की। खराब फील्डिंग टीम इंडिया को भारी पड़ सकती है।
