
वे सुभाष चंद्र बोस की आजाद हिंद फौज में अधिकारी थीं। फिर आजाद हिंद सरकार में महिला मामलों की मंत्री…

वे सुभाष चंद्र बोस की आजाद हिंद फौज में अधिकारी थीं। फिर आजाद हिंद सरकार में महिला मामलों की मंत्री…

दिवाली है। पांच त्योहार एक साथ। हर त्योहार पर कुछ न कुछ पारंपरिक व्यंजन बनाने की परिपाटी है। बेशक उपहार…

एक लोककथा है। किसी गांव में एक व्यक्ति रहता था। वह सदा दूसरों के काम में कमियां निकालता रहता। तारीफ…

आरके नारायण की रचनात्मकता के तीन स्तर हैं। उनकी रचनात्मक श्रेष्ठता का ‘स्वर्णयुग’ भारतीय स्वतंत्रता के बाद आया। 1952 से…

आयुर्वेद कहता है कि इंसान की जैसी प्रकृति होती है, वैसी ही उसके शरीर में विकृति हो जाती है। उसके…

अब मौसम कुछ ठंडा होने लगा है। दशहरे के बाद पाचन-तंत्र भी कुछ बेहतर रहने लगता है। इसलिए इस मौसम…

कुछ धारणाएं जड़ रूप में हमारे भीतर बचपन से ही बैठी होती हैं। उन्हें बदलना मुश्किल नहीं होता, मगर वे…

बदलते वक्त के मुताबिक उस विचार, उस धारणा का कोई बहुत अर्थ नहीं रह जाता, उसमें बदलाव की जरूरत महसूस…

नवरात्रि के साथ व्रत-उपवास के दिन शुरू हो जाते हैं। सेहत की दृष्टि से भी खानपान को लेकर यह विधान…

स्वस्थ रहने के लिए संतुलित नींद बहुत आवश्यक है। नींद से न सिर्फ शारीरिक थकान मिटती है, बल्कि नींद में…

वे बंगाल के पुनर्जागरण आंदोलन के अग्रणी नेताओं में थे। उनके बचपन का नाम ईश्वर चंद्र बंद्योपाध्याय था। संस्कृत भाषा…

ध्वनियां सिर्फ बाहर नहीं, हमारे भीतर भी तरंगें पैदा करती हैं। ध्वनियां हमारे भीतर दृश्य रचती हैं। जैसा हम सुनते…