कानपुर में 2-3 जुलाई की रात पुलिस वालों पर अंधाधुंध फायरिंग की गई थी। 8 पुलिसकर्मियों के शहीद होने की इस बड़ी घटना के बाद अब पुलिस उस शख्स का पता लगाने में जुटी हुई है जो विकास दुबे को गन सप्लाई किया करता था।
सपा नेता की गन फैक्ट्री में छापा: ‘News 18’ की रिपोर्ट के मुताबिक इसी सिलसिले में पुलिस ने समाजवादी पार्टी के एक नेता नीरज सिंह गौर की गन फैक्ट्री में छापेमारी कर सभी रिकॉर्ड चेक किये हैं। पुलिस को शक है कि विकास दुबे नीरज गन हाउस से ही असलहा खऱीदता था औऱ नीरज सिंह ही विकास दुबे के लिए गन सप्लाई करने का काम करता था। यह भी आशंका जताई जा रही है कि इनमें से कई बंदूकों का इस्तेमाल 2-3 जुलाई की रात 8 पुलिसवालों की हत्या में भी किया गया था। इसी आशंका के मद्देनजर एसडीएम आनंद सिंह समेत डिप्टी एसपी संदीप यादव ने नीरज गन हाउस में छापेमारी की। पुलिस ने फैक्ट्री के सारे कागजात खंगाले हैं और उसके ग्राहकों के बारे में भी विस्तृत जानकारी जुटाई है।
कौन है नीरज सिंह? मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नीरज सिंह एक पूर्व कैबिनेट मंत्री का नाती है और इस वक्त समाजवादी पार्टी के तिगाई जिला पंचायत का अध्यक्ष भी है। नीरज सिंह गौर साल 2018 में हुए एक जहरीली शराब कांड का मुख्य आरोपी भी है। कहा जाता है कि इस केस में विकास दुबे ने उसकी मदद की थी और शिकायतकर्ताओं को धमकाया था।
7 महीने पहले बिना लिखा-पढ़ी के कारतूस बेचने के मामले में नीरज से पूछताछ भी हुई थी. लेकिन उस वक्त नीरज बच गया था। कहा जाता है कि नीरज सिंह के बाबा मुलायम सिंह यादव के बेहद करीबी हैं। नीरज सिंह की पत्नी अनुपमा सिंह गौर मैथा तहशील की ब्लॉक प्रमुख है। रूरा थाना क्षेत्र के रहने वाले नीरज सिंह गौर के बारे में कहा जाता है कि वो दूसरा विकास दुबे है। उसका खौफ भी ग्रामीणों में काफी ज्यादा है।
विकास दुबे का करीबी: मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कानपुर एनकाउंटर से करीब 20 दिन पहले विकास और नीरज एक दुकान के उद्घाटन समारोह में शामिल हुए थे। नीरज सिंह और विकास दुबे एक-दूसरे के बेहद करीबी थी। इस उद्घाटन समारोह की जो तस्वीरें सामने आई हैं उनमें नीरज सिंह मास्क लगाए विकास दुबे के साथ नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि नीरज सिंह गौर जिले के टॉप 15 अपराधियों की लिस्ट में भी शामिल है।

