उत्तर प्रदेश के वाराणसी में घाट की साफ सफाई करने वाले सफाई कर्मियों को 2 महीने से वेतन नहीं दिया गया है। इस बात से नाराज सफाई कर्मियों ने साफ सफाई का काम रोक दिया। सफाई कर्मियों ने मीडिया से बात कर कहा कि सिर्फ वादे पर वादे किए जा रहे हैं। सफाई कर्मियों का यह वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। नेताओं से लेकर आम ट्विटर यूजर तक इस वीडियो पर अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं।

सफाई कर्मियों के विषय को लेकर समाजवादी पार्टी ने भी पीएम नरेंद्र मोदी पर तंज कसा है। वहीं कांग्रेस के नेता भी इसमें पीछे नहीं हैं। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स पीएम मोदी कि वो तस्वीर शेयर करने लगे जिसमें वह सफाई कर्मियों के पैर धूल रहे हैं। सपा के आधिकारिक टि्वटर हैंडल से इस वीडियो को शेयर कर लिखा गया – दिखावे का सम्मान, करते सिर्फ अपमान। वाराणसी में 2 महीने से अपने वेतन के लिए डबल इंजन सरकार से लगा रहे सफाई कर्मियों पर अत्याचार बंद करिए मुख्यमंत्री जी।

कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने इस वीडियो को शेयर कर लिखा कि प्रधानमंत्री जी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में 2 महीने से सफाई कर्मियों को वेतन नहीं मिला। मोदी जी देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर से मेरी आपत्ति को दर्ज कीजिए। याद रहे स्वच्छता का संकल्प सफाई कर्मियों पर बगैर पूरा नहीं हो सकता। एक आम ट्विटर यूजर ने कमेंट किया कि मोदी जी अब सफाई कर्मियों का पैर धोने होने वाला इवेंट कब करेंगे?

अनामिका सिंह नाम की ट्विटर यूजर ने पीएम मोदी पर तंज कसते हुए लिखा कि पैर धोने वाले कहां चले गए। उन्हें तो मां गंगा ने बुलाया था। नेहा पांडे नाम की एक टि्वटर यूजर ने मोदी सरकार पर चुटकी लेते हुए लिखा कि ये सब देशद्रोही हैं। बेचारे मोदी जी इन के पैर धोते हैं और ये लोग बकवास की बातें कर रहे हैं। नीरज नाम के ट्विटर अकाउंट से कमेंट आया – यह क्या बात हुई, अभी तो फूल बरसाए गए थे, कुछ दिन शांत ही रह लेते।

विवेक नाम के एक ट्विटर यूजर लिखते हैं – केंद्र सरकार ने सफाई कर्मियों का पैर धोकर वेतन चट कर दिया। अनीता सिंह नाम की एक ट्विटर यूजर लिखती हैं, ‘ देश के लिए इतना भी त्याग नहीं कर सकते.. देशद्रोही कहीं के।’ जानकारी के लिए बता दें कि हाल में ही काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का उद्घाटन करने के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने उसे तैयार करने वाले मजदूरों पर फूल बरसाए थे। वहीं, 2019 में प्रयागराज में साफ सफाई करने वाले मजदूरों के पैर धुले थे।