
प्रतापराव कदम की कविताएं


पोस्टर बाजार के फार्मूले पर चलता है और ज्यादा लोगों का ध्यान आकृष्ट करना इसका उद्देश्य होता है, इसलिए कलाकार…

पर्याप्त विषय-वस्तु के बिना कहानी का लंबा होना कहानीकार की आत्ममुग्धता का परिचायक है। कहानीकार जो कुछ भी जानता है…

पिछले कुछ समय से इस बात को लेकर बहस हो रही है कि कहानी का आकार क्या होना चाहिए, उसमें…

भाग्य के रहस्य भाग्य एक बहुचर्चित और अति दिलचस्प विषय है, पर इसके बाबत बहुत ही कम ज्ञात है। ‘भाग्य’…

भक्ति दरअसल एक ‘प्रतिक्रियावादी ज्ञानसत्तात्मक विचारधारा’ है, पर इसे इस रूप में देखने और व्याख्यायित करने से इसलिए परहेज किया…

एलजीबीटी समुदाय हमेशा की तरह सतरंगा दिखा। इस बार इस समुदाय के बंदे बहुत खुश दिखे। लेकिन उनसे भी अधिक…

कुछ शब्द एक जैसे लगते हैं। इस तरह उन्हें लिखने में अक्सर गड़बड़ी हो जाती है। इससे बचने के लिए…

बात उन दिनों की है, जब नीम बहुत मीठा हुआ करता था और उसके फल भी बेहद रसीले होते थे,…

बरसात के मौसम में अक्सर कई महिलाएं पहनावे को लेकर ऊहापोह की स्थिति में देखी जाती हैं। उन्हें लगता है…

यह एक से दूसरे में भी आसानी से फैल सकता है। त्वचा विशेषज्ञ ही सही तरीके से जांच कर समस्या…

सुबह का नाश्ता बहुत जरूरी है। कहते हैं कि सुबह पेट भर कर नाश्ता करना चाहिए। दोपहर को बेशक न…