Rakesh Tikait: भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने बुधवार (7 अगस्त, 2022) को एक बार फिर से चेतावनी दी है। उन्होंने धमकी भरे लहजे में कहा कि अगर किसानों की समस्याओं को लेकर प्रशासन के साथ उनकी कोई सहमति नहीं बनती है तो वो एक बार फिर सड़क जाम और ट्रैक्टर मार्च निकालने के लिए बाध्य होंगे।
उत्तर प्रदेश के शामली में राकेश टिकैत ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने भरोसा दिया था कि वह अगला गन्ना सीजन चालू होने से पहले गन्ने का भुगतान करा दिया जाएगा। साथ ही उन्होंने मिल मालिक से किसानों की पेमेंट के रूप में देने की बात कही थी।
बता दें, भारतीय किसान यूनियन का धरना आज दूसरे दिन भी कलेक्ट्रेट परिसर में जारी रहा। इस बीच किसान यूनियन और प्रशासन के बीच बातचीत भी हुई, लेकिन बातचीत से किसानों की समस्या का कोई समाधान नहीं निकल सका। प्रशासन से बातचीत के लिए भारतीय किसान ने एक कमेटी का गठन किया है। वहीं कमेटी ने बिजली समस्या लेकर बिजली विभाग के अधिकारियों से भी बातचीत की।
भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत बताया कि स्थानीय किसानों ने एक कमेटी बनाई है, लेकिन वो खुद कमेटी का हिस्सा नहीं हैं। किसानों की समस्याओं को लेकर कमेटी के सदस्यों और प्रशासन के बीच बातचीत चल रही है। जैसे ही बातचीत मुकाम पर पहुंचती है। वो इसकी जानकारी देंगे। उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक प्रशासनिक अधिकारी लाइन पर नहीं आए हैं।
बता दें, किसानों की कई समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन अनिश्चितकालीन धरने पर है। इस धरने को सफल बनाने के लिए यूनियन के कार्यकर्ता के जी जान से जुटे हैं। वहीं धरने का नेतृत्व भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत कर रहे हैं।
अभी हाल ही में अजय मिश्रा टेनी के दो कौड़ी वाले बयान पर पलटवार करते हुए राकेश टिकैत ने कहा था कि हम तो छोटे आदमी हैं। 50 हजार आदमी लेकर गए थे, तीन दिन तक वहीं पर थे। कुछ तो बयान देगा ही। उसका लड़का जेल में बंद है, गुस्सा तो आएगा ही। हमें उनके बयानों पर कुछ नहीं कहना है। एक मुक्ति अभियान चलेगा लखीमपुर में, लखीमपुर में गुंडा राज है। इनकी (अजय मिश्र टेनी) दहशत है। वहां पर लोगों को डराने धमकाने का काम करते हैं। वहां गुंडाराज है। पहला मामला ही तो बयान से आया।”
