IRCTC Shramik Special Train List, Ticket Booking Online, Registration: कोरोना संकट और लॉकडाउन के बीच देश के विभिन्न हिस्सों/जगहों पर फंसे प्रवासी मजदूरों, कामगारों, श्रमिकों, पर्यटकों, छात्रों और अन्य लोगों को गृह राज्य पहुंचाने के लिए एक मई (अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस) पर केंद्र सरकार ने विशेष रेलगाड़ियां (‘श्रमिक ट्रेनें‘) चलाने का फैसला लिया था।
Indian Railways के मुताबिक, ये ट्रेनें केवल मजदूरों, श्रद्धालुओं, पर्यटकों, छात्रों और अन्य ऐसे लोगों के लिए हैं, जो अपने घर-गांव से दूर लॉकडाउन के दौरान फंस गए हैं। ऐसे लोगों को आवागमन के लिए राज्य सरकारों से संपर्क करना होगा, तभी वे गंतव्य तक पहुंच पाएंगे। स्थानीय प्रशासन को आवेदन देना होगा। अपने डिटेल्स देने होंगे, जिसके बाद अनुमति दी जाएगी।
चूंकि, ये गाड़ियां राज्य सरकारों की दरख्वास्त पर केंद्र ने चलाने का निर्णय किया था। नतीजतन इनमें सिर्फ उक्त लोगों को ही जाने की मंजूरी है। जिस जगह/राज्य से यात्री जा रहे हैं, वहां उनकी कोरोना स्क्रीनिंग हो रही है, जबकि लक्षण न मिलने पर ही उन्हें ट्रेन में जाने दिया जा रहा है।
वैसे, गृह राज्य पहुंचने के बाद भी इन लोगों को स्क्रीनिंग का सामना करना होगा। अगर लक्षण पाए जाते हैं, तब उन्हें 14 दिन के क्वारंटीन किया जाएगा। यात्रियों को इस दौरान सोशल डिस्टैंसिंग और कोरोना संबंधी अन्य ऐहतियाती कदमों का पालन करने के लिए भी कहा गया है। यानी इन खास ट्रेनों में आम यात्री नहीं सफर कर सकते। ये राज्य सरकारों के आग्रह पर निर्धारित एक जगह से दूसरी जगह के लिए चलाई जा रही हैं।

ये प्वॉइंट टू प्वॉइंट ट्रेनें हैं और इन रूट्स के बीच चलेंगीः
- Aluva – Patna
- Ernakulam – Bhubaneswar
- Tirur – Patna
- Kozikode – Dhanbad
- Thiruvananthapuram – Ranchi
- Lingampally to Hatia
- Nasik to Lucknow
- Aluva to Bhubaneswar
- Nasik to Bhopal
- Jaipur to Patna
- Kota to Hatia
कैसे मिलेगी श्रमिक स्पेशल में सफर की मंजूरी?: श्रमिक स्पेशल ट्रेन से जाने के लिए अपने राज्य के अधिकारियों से संपर्क करना होगा। रेलवे अधिकारियों को हवाले से कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया कि प्रवासी रेलवे स्टेशन पहुंचने से पहले स्थानीय पुलिस प्रशासन से जानकारी हासिल करें। रजिस्ट्रेशन कराएं। आवेदन के बाद संबंधित अधिकारी के पास डेटा तैयार होगा। वे ही लिस्ट तैयार कर बाद में रेलवे को सौंपेंगे, जिसके आधआर पर रेल सफर करने की इजाजत दी जाएगी। अगर कोई बगैर आवेदन के या फिर ऐसा कोई व्यक्ति जिसका नाम लिस्ट में नहीं होगा और वह स्टेशन पहुंच जाता है, तब उसे सफर नहीं करने दिया जाएगा।
17 मई तक सभी यात्री ट्रेन सेवाएं रद्दः रेलवे ने लॉकडाउन तीसरी बार बढ़ने के ऐलान के बाद शुक्रवार शाम को ही साफ कर दिया कि उसकी सभी यात्री सेवाएं 17 मई 2020 तक रद्द रहेंगी। रेलवे के बयान के मुताबित, “सर्वसंबंधित को सूचित किया जाता है कि भारतीय रेल ने उपनगरीय ट्रेनों सहित सभी नियमित यात्री ट्रेनों के रद्दीकरण को 17 मई 2020 तक बढ़ा दिया है इस दौरान टिकट बुक करने या ट्रेन से यात्रा करने के उद्देश्य से कोई भी व्यक्ति किसी भी रेलवे स्टेशन पर न आए।”
First Shramik special train, carrying 1225 workers from Lingampalli in Telangana reached Hatia in Jharkhand last night at 23.15 hrs#IndiaFightsCorona@PMOIndia @PiyushGoyal @SureshAngadi_ pic.twitter.com/6Pp8U7tAjW
— Ministry of Railways (@RailMinIndia) May 2, 2020
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने राज्य के प्रवासियों को लाने के लिए 28 ट्रेनें चलाने की मांग की: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने रेल मंत्री पीयूष गोयल को पत्र लिखकर राज्य के प्रवासी श्रमिकों की वापसी के लिए 28 ट्रेनों का परिचालन करने की मांग की है। राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने शनिवार को यहां बताया कि मुख्यमंत्री बघेल ने रेल मंत्री पीयूष गोयल को पत्र लिखकर उनसे छत्तीसगढ़ के प्रवासी श्रमिकों की वापसी के लिए देश के विभिन्न शहरों से 28 रेलगाड़ियों का परिचालन करने का अनुरोध किया है।
बघेल ने भारत सरकार द्वारा फंसे हुए मजदूरों को उनके घर पहुंचाने के लिए रेलगाड़ी चलाने के फैसले का स्वागत किया। साथ ही उन्होंने मानवीय आधार पर रेलवे द्वारा ट्रेनों का परिचालन निःशुल्क करने और ट्रेनों के संचालन के लिए जल्द से जल्द तारीख और समय तय करने का आग्रह किया।

