बिहार चुनाव में मोदी-शाह की जोड़ी के विजयरथ को रोकने के बाद महागठबंधन उत्‍साह से भरा हुआ है। इस जीत का सेहरा नीतीश कुमार और लालू यादव और उनके प्रमुख रणनीतिकार प्रशांत किशोर के सिर बंधा है, लेकिन कई ऐसे चेहरे भी हैं, जिनका नाम सामने नहीं आया है। महागठबंधन की जीत में प्रशांत किशोर को मिलाकर कुल 178 ऐसे चेहरे हैं, जिन्‍होंने भूमिका बेहद अहम रही। हम इन सभी से तो आपको नहीं मिलवा सकते हैं, लेकिन इनमें से कुछ के साथ आपकी मुलाकात जरूर करा देते हैं।

बिहार चुनाव के दौरान नीतीश कुमार और जेडीयू के नेता-कार्यकर्ताओं के बीच की अहम कड़ी रहे संजय कुमार सिंह (बीच में)। उनका काम था मीटिंग फिक्‍स कराना और पूरी पार्टी के नेताओं की गतिविधियों पर नजर बनाए रखना। (Express Photo by Prashant Ravi)

उदय शंकर (बाएं) और राकेश रॉय ने चुनाव के दौरान आरजेडी का वॉररूम संभाला। उदय शंकर लालू यादव बेटे तेज प्रताप के कैंपेन मैनेजर भी थे। इंडियन एक्‍सप्रेस की टीम जब उनसे मिलने पहुंची तो फोटो खिंचवाते हुए वह बहुत खुश हुए और बोले- ‘लालू का सरफेस, नीतीश का फेस, बिगाड़ा नरेंद्र मोदी का बेस।’ (Express Photo by Prashant Ravi)
महागठबंधन के साथियों के साथ समन्‍वय के लिए आरजेडी की ओर से संजय यादव ने कमान संभाली थी। संजय मूलरूप से हरियाणा के महेंद्रगढ़ से हैं। दिल्‍ली में एमबीए और एमएससी करने के बाद 2012 में वह पटना शिफ्ट हुए और आरजेडी के साथ जुड़ गए। (Express Photo by Prashant Ravi)
लालू प्रसाद यादव के घर उपेंद्र यादव (बाएं) और दीपक कुमार ने प्रतिदिन करीब 1000 फोन कॉल्‍स अटेंड किए। दीपक ने बताया कि चुनाव के दौरान वे 7 बजे ऑफिस आते थे और रात 1 बजे घर लौट पाते थे। (Express Photo by Prashant Ravi)

‘टीम जेडीयू’- (बाएं से) मृत्‍युंजय कुमार सिंह, अनिल हेगड़े, रविंद्र कुमार और रविनेश कुमार पार्टी ऑफिस के बाहर खड़े हुए। (Express Photo by Prashant Ravi)