केंद्रीय मंत्रिमंडल विस्तार और फेरबदल के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए व पुराने मंत्रियों के साथ विस्तार से बातचीत की और उन्हें अनावश्यक बयानबाजी नहीं करने की नसीहत दी है। पीएम ने कहा कि जहां तक देश में कोरोना महामारी की स्थिति का संबंध है, आत्मसंतुष्टि के लिए कोई जगह नहीं है।
पीएम ने कहा “ऐसे समय में लापरवाही के लिए कोई स्थान नहीं होना चाहिए। एक छोटी सी गलती के दूरगामी परिणाम हो सकते हैं और इससे कोविड-19 के विरुद्ध लड़ाई कमजोर पड़ सकती है।” मोदी ने भीड़भाड़ वाली जगहों के चित्र और वीडियो का हवाला देते हुए कहा कि यह अच्छा दृश्य नहीं है और इससे हमारे भीतर “भय की अनुभूति” होनी चाहिए। प्रधानमंत्री ने मंत्रिपरिषद विस्तार के एक दिन बाद मंत्रियों से बातचीत की और कहा कि लोग बिना मास्क लगाए और सामाजिक दूरी का पालन किये बगैर दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि महामारी के विरुद्ध भारत की लड़ाई पूरे जोर-शोर से जारी है तथा टीकाकरण अभियान और जांच की संख्या में भी वृद्धि हो रही है।
मोदी ने मंत्रियों से कहा कि लोगों में डर पैदा करना लक्ष्य नहीं होना चाहिए बल्कि जनता से सभी प्रकार की सावधानी बरतने का आग्रह करना चाहिए ताकि आने वाले समय में राष्ट्र इस महामारी के संकट से उबर सके। उन्होंने मंत्रियों से समय पर कार्यालय पहुंचने और अपनी ऊर्जा मंत्रालय के काम करने में लगाने का आग्रह किया।
उन्होंने गुरुवार को आईआईटी बॉम्बे, आईआईटी मद्रास, आईआईटी कानपुर और आईआईएससी बैंगलोर जैसे केंद्रीय वित्त पोषित तकनीकी संस्थानों के निदेशकों के साथ भी बातचीत की। उन्होंने कहा कि मंत्रियों का ध्यान सबसे वंचित लोगों की सहायता करने पर केंद्रित होना चाहिए।
सूत्रों ने बताया कि मोदी ने कहा कि मंत्री अपने पूर्ववर्तियों से मिलकर उनके अनुभवों से सीख सकते हैं। उन्होंने नए मंत्रियों से कहा कि जो अब सरकार में नहीं हैं उन्होंने भी काफी योगदान दिया है और नए मंत्रियों को उनसे सीखना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने मंत्रियों से समय पर कार्यालय पहुंचने और अपनी सारी ऊर्जा को मंत्रालय के काम में लगाने के लिए कहा। साथ ही उन्होंने नए मंत्रियों को मीडिया में अनावश्यक बयानबाजी से बचने की भी सलाह दी। मोदी ने सलाह देते हुए कहा कि केवल मंत्रियों का काम मायने रखता है और उन्हें मीडिया का आकर्षण पाने के दुष्चक्र में नहीं पड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि मंत्रियों को अनावश्यक बयानबाजी से बचना चाहिए।

