भारतीय जनता पार्टी के विधायक भूपेंद्र पटेल गुजरात के नये मुख्यमंत्री होंगे। पटेल को रविवार को सर्वसम्मति से भाजपा विधायक दल का नेता चुन लिया गया। भूपेंद्र पटेल उत्तर प्रदेश के राज्यपाल और गुजरात की पूर्व मुख्यमंत्री आनंदी बेन पटेल के बेहद करीबी माने जाते हैं। वो आनंदीबेन पटेल की सीट से ही विधायक बने थे। चुनाव में उन्हें लगभग एक लाख मतों से जीत मिली थी।
पटेल 2017 के विधानसभा चुनाव में राज्य की घाटलोडिया सीट से चुनाव जीते थे। उन्होंने कांग्रेस के शशिकांत पटेल को हराया था। बेदाग छवि के पटेल ने सिविल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा की है। भाजपा विधायक दल की बैठक में पार्टी के केंद्रीय पर्यवेक्षक नरेंद्र सिंह तोमर और प्रह्लाद जोशी तथा पार्टी महासचिव तरुण चुग उपस्थित थे। तोमर ने रविवार सुबह प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सी आर पाटिल से मुलाकात की थी।
एक राजनीतिक विश्लेषक के अनुसार राजनीतिक हलकों में मुख्यमंत्री के लिए जिन नामों की अटकलें चल रही थी, उनमें कहीं भी एक बार के विधायक भूपेंद्र पटेल का नाम नहीं था। वह प्रभावशाली पटेल समुदाय से आते हैं, वहीं मांडविया भी पाटीदार समुदाय से ताल्लुक रखते हैं। रूपाणी (65) ने राज्य में विधानसभा चुनाव होने से लगभग सवा साल पहले शनिवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। इससे पहले केंद्रशासित प्रदेश लक्षद्वीप तथा दादरा एवं नागर हवेली और दमन और दीव के प्रशासक प्रफुल्ल के. पटेल तथा केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया को मुख्यमंत्री पद की दौड़ में शामिल माना जा रहा था।
गुजरात की 182 सदस्यीय विधानसभा के लिये चुनाव अगले साल दिसंबर में होने हैं। कोरोना वायरस महामारी के दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) शासित राज्यों में पद छोड़ने वाले रूपाणी चौथे मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने दिसंबर 2017 में दूसरी बार राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। रूपाणी पहली बार सात अगस्त, 2016 को मुख्यमंत्री बने थे। उन्होंने तत्कालीन मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल के इस्तीफे के बाद यह पद संभाला था। उन्होंने 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद दूसरी बार राज्य की बागडोर संभाली थी।
