आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी और बिगड़ती लाइफस्टाइल की वजह से हाई कोलेस्ट्रॉल की समस्या तेजी से बढ़ रही है। पहले यह बीमारी उम्रदराज लोगों में ज्यादा देखने को मिलती थी, लेकिन अब बड़ी संख्या में युवा भी इसकी चपेट में आ रहे हैं। कोलेस्ट्रॉल हमारे खून में पाया जाने वाला मोम जैसा पदार्थ होता है, जो शरीर के लिए सीमित मात्रा में जरूरी होता है। लेकिन जब इसकी मात्रा जरूरत से ज्यादा बढ़ जाती है, तो यह खून की नसों में जमने लगता है। इससे दिल और दिमाग तक खून की सप्लाई प्रभावित होती है और हार्ट अटैक व स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल में रखना बेहद जरूरी हो जाता है।

कोलेस्ट्रॉल क्यों बनता है जानलेवा?

जब शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल यानी एलडीएल (LDL) का स्तर बढ़ जाता है, तो यह धमनियों में जमा होकर ब्लॉकेज पैदा कर सकता है। धीरे-धीरे नसें सिकुड़ने लगती हैं और खून का बहाव रुकने लगता है। यही स्थिति आगे चलकर हार्ट अटैक या ब्रेन स्ट्रोक की वजह बन सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि हाई कोलेस्ट्रॉल को दवाइयों के साथ-साथ सही डाइट से भी काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है। खान-पान में थोड़ी सी लापरवाही दिल की सेहत पर भारी पड़ सकती है।

कोलेस्ट्रॉल के मरीजों के लिए क्यों जरूरी है डाइट पर ध्यान?

नोएडा स्थित डाइट मंत्रा क्लीनिक की डाइटिशियन कामिनी सिन्हा के अनुसार, कुछ फूड्स ऐसे होते हैं जो कोलेस्ट्रॉल के मरीजों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकते हैं। इन चीजों में अनहेल्दी फैट्स और ट्रांस फैट्स होते हैं, जो बैड कोलेस्ट्रॉल को तेजी से बढ़ाते हैं। अगर पहले से ही कोलेस्ट्रॉल हाई है और खान-पान पर ध्यान नहीं दिया गया, तो हार्ट डिजीज का खतरा कई गुना बढ़ सकता है। इसलिए जरूरी है कि ऐसे फूड्स से दूरी बनाई जाए।

तला-भुना खाना

हाई कोलेस्ट्रॉल से जूझ रहे लोगों को तले-भुने खाने से खासतौर पर परहेज करना चाहिए। समोसा, पकौड़ी, फ्रेंच फ्राइज जैसे फ्राइड फूड्स में ट्रांस फैट की मात्रा ज्यादा होती है। यह फैट न सिर्फ कोलेस्ट्रॉल बढ़ाता है, बल्कि शरीर के मेटाबॉलिज्म को भी नुकसान पहुंचाता है। अगर आपको तला हुआ खाना पसंद है, तो बेहतर विकल्प के तौर पर एयर फ्रायर का इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे कम तेल में खाना तैयार होता है।

रेड मीट से बनाएं दूरी

रेड मीट को कोलेस्ट्रॉल के मरीजों के लिए सबसे ज्यादा खतरनाक माना जाता है। इसमें सेचुरेटेड फैट की मात्रा काफी ज्यादा होती है, जो बैड कोलेस्ट्रॉल को तेजी से बढ़ाता है। रेड मीट का ज्यादा सेवन करने से धमनियों में ब्लॉकेज की स्थिति बन सकती है और दिल तक खून पहुंचने में रुकावट आ सकती है। अगर आपका कोलेस्ट्रॉल लेवल पहले से बढ़ा हुआ है, तो रेड मीट को पूरी तरह अवॉइड करना ही बेहतर होता है।

प्रोसेस्ड मीट से बढ़ता है खतरा

हॉट डॉग, सॉसेज और बेकन जैसे प्रोसेस्ड मीट भी हार्ट हेल्थ के लिए नुकसानदायक होते हैं। इनमें नमक और सेचुरेटेड फैट की मात्रा ज्यादा होती है, जिससे कोलेस्ट्रॉल के साथ-साथ ब्लड प्रेशर भी बढ़ सकता है। इसके अलावा इनमें मौजूद प्रिजर्वेटिव्स लंबे समय तक सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं। कोलेस्ट्रॉल के मरीजों को इन फूड्स से दूरी बना लेनी चाहिए।

बेक्ड गुड्स भी हैं नुकसानदायक

कुकीज, केक और पेस्ट्री जैसी बेक्ड चीजें दिखने में भले ही स्वादिष्ट लगें, लेकिन ये कोलेस्ट्रॉल के लिए बेहद खतरनाक होती हैं। इनमें मक्खन और ट्रांस फैट की मात्रा ज्यादा होती है, जो बैड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाती है। लगातार इनका सेवन करने से दिल से जुड़ी समस्याएं बढ़ सकती हैं। अगर मीठा खाने की इच्छा हो, तो फलों से बनी हेल्दी मिठाइयों को चुनना बेहतर विकल्प है।

ज्यादा फैट वाले डेयरी प्रोडक्ट्स

दूध, मलाई, घी और पनीर जैसे डेयरी प्रोडक्ट्स में सेचुरेटेड फैट की मात्रा ज्यादा होती है। ज्यादा फैट वाले डेयरी प्रोडक्ट्स का सेवन करने से शरीर में कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ सकता है। हालांकि डेयरी चीजों को पूरी तरह छोड़ना जरूरी नहीं है। लो-फैट दूध और डेयरी प्रोडक्ट्स का सीमित मात्रा में सेवन किया जा सकता है, जिससे कैल्शियम भी मिलेगा और कोलेस्ट्रॉल भी कंट्रोल में रहेगा।

निष्कर्ष

हाई कोलेस्ट्रॉल एक साइलेंट बीमारी है, जो धीरे-धीरे दिल और दिमाग को नुकसान पहुंचाती है। अगर समय रहते खान-पान और लाइफस्टाइल में बदलाव न किया जाए, तो इसका अंजाम गंभीर हो सकता है। तला-भुना, रेड मीट, प्रोसेस्ड फूड्स और ज्यादा फैट वाले डेयरी प्रोडक्ट्स से दूरी बनाकर कोलेस्ट्रॉल को काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है।

डिस्क्लेमर

यह स्टोरी सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार की गई है। किसी भी तरह के स्वास्थ्य संबंधी बदलाव या डाइट में परिवर्तन करने से पहले अपने डॉक्टर या योग्य हेल्थ एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।

नेस्थिसियोलॉजिस्ट और पेन मेडिसिन फिजिशियन डॉ. कुनाल सूद के मुताबिक, कुछ आदतें जो देखने में सामान्य लगती हैं, वही दिल को नुकसान पहुंचाती हैं। पूरी जानकारी के लिए लिंक पर क्लिक करें।