बिलि इलियट रायल बैले स्कूल में आडिशन दे रहा है। बिली और उसके पिता कमरे से निकल रहे हैं। निर्णायक मंडल के एक जज पूछते हैं-नृत्य करते समय आपको कैसा लगता है? बिली कुछ रुक कर कहता है-पता नहीं। बिली का यह संक्षिप्त सा जवाब सुन कर जज निराश हो जाते हैं। उन्हें उस बच्चे में जो संभावना की रोशनी दिखी थी, बुझती सी लगती है। तभी बिली अपना वाक्य पूरा करता है-पता नहीं…। ये अच्छा लगता है। यह सुरक्षित जैसा है। लेकिन, एक बार शुरू होने के बाद मैं सब कुछ भूल जाता हूं। मैं गायब हो जाता हूं। मैं अपने पूरे शरीर में बदलाव महसूस करता हूं। मैं बस वहां हूं…मेरे पूरे शरीर में आग है। मैं उड़ रहा हूं। पक्षी की तरह…बिजली की तरह।

ये दृश्य 2000 में आई ब्रितानी फिल्म ‘बिली इलियट’ के हैं। इस फिल्म में 1984-85 के ब्रितानी खनिकों के हड़ताल के संघर्ष की कहानी है। बिली इलियट इंग्लैंड के एक खनिक परिवार का ग्यारह साल का लड़का है। वह बैले नर्तक बनने का सपना देखता है। एक खनिक परिवार का बच्चा होने के नाते बैले बिली के लिए विलासिता है।

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बिली के परिवार के साथ उसका आस-पास का समाज उसके इस सपने के विरोध में खड़ा है। जहां बिली के पिता और भाई उसे बैले से दूर रखना चाहते हैं, वहीं उसकी लगन देखते हुए उसकी शिक्षिका उसे बैले नृत्य के लिए प्रेरित करती रहती है। बिली इलियट का यह बाल किरदार सिनेमा में वह अभिव्यक्ति है, जहां कला वर्गीय विभाजन से मुक्ति की तरफ ले जाती हुई दिखती है।

निर्देशक स्टीफन डाल्ड्री इस फिल्म के जरिए अभिव्यक्ति बनाम वर्ग संघर्ष को नए सिरे से परिभाषित करते हैं। उद्धृत दृश्य के अंत में जब बिलि इलियट अपने पिता के साथ कमरे से बाहर जा रहा होता है, तब एक जज कहते हैं, श्रीमान इलियट, हड़ताल के लिए शुभकामनाएं। स्टीवन डाल्ड्री अपने साक्षात्कारों में इस दृश्य की व्याख्या आज के राजनीतिक व आर्थिक सच के रूप में करते हैं। औद्योगिक क्रांति का फायदा एक बड़े वर्ग ने उठाया और धनाढ्य हुआ। लेकिन, जो मजदूर वर्ग था, उसके संघर्षों से किनारा कर लिया गया।

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यह उच्च वर्ग अक्सर इन संघर्षों के साथ उदारता दिखाता है, लेकिन वह किसी भी परिवर्तनकारी परिणाम के खिलाफ होता है। बिली इलियट का किरदार आज भी उन लोगों के लिए सबक है, जो विभिन्न वर्गों से आए बच्चों को प्रतिभा के समान तराजू पर तौलने की पैरोकारी करते हैं। एक बच्चे की प्रतिभा इस बात पर भी निर्भर करती है कि वह खदान मजदूर की संतान है, या खदान प्रबंधक के परिवार से ताल्लुक रखता है। नृत्य के मंच पर बिली का किरदार इस खाई को दिखाते हुए इसे पाटने की पैरोकारी करता है। इस फिल्म के जरिए बाल कलाकार जेमी बेल को दुनिया भर में प्रशंसा मिली। फिल्म को बाफ्टा सहित कई पुरस्कार मिले हैं।