तीव्र गति से माननीय सांसदों और विधायकों के वेतन-भत्ते, सुविधाएं, विशेषाधिकार तथा हर बार के चयन पर पेंशन लगातार बढ़ी…
अगर नक्सलवाद या फिर माओवाद का रास्ता छोड़ कर कोई व्यक्ति मुख्यधारा में लौटना चाहता है तो उसके सामने अनुकूल…
देश में शिक्षा की दर बढ़ाने का अंतरराष्ट्रीय दबाव लगातार बना रहता है। इसलिए सरकारें समय-समय पर इसके लिए कुछ…
हमारे देश में ऐसे तमाम लोग हैं, जिनके लिए स्वतंत्रता महसूस कर पाना अभी बाकी है। सिर्फ इसलिए कि किन्हीं…
विकसित देश बौद्धिक संपदा के जरिए बेशुमार कमाई वाले फार्मा उद्योग पर से अपनी पकड़ छोड़ना नहीं चाहते। चूंकि फार्मा…
बाढ़ और बारिश से जीवन के अस्त-व्यस्त होने और भारी नुकसान की समस्या अकेले मध्यप्रदेश की नहीं है। देश के…
देश की महिला हॉकी टीम जब सेमीफाइनल में अर्जेंटीना से हार गई तब इसकी एक सदस्य वंदना कटारिया के हरिद्वार…
शांति की अपेक्षा बहुत से देश हथियारों के बाजार में अपना वर्चस्व कायम करने की होड़ में लग गए हैं।…
अहम यह भी है कि पुरुषों के सोचने-समझने के मनोविज्ञान को केंद्र में रख कर सामाजिक विकास नीतियों पर भी…
न्यायाधीशों को भय और लालच के जरिए प्रभावित करने के प्रयास हमेशा होते रहते हैं, मगर वे कानून को सर्वोपरि…
देश ने जाति-आधारित राजनीति को पनपते और उसके द्वारा सामाजिक विभेद बढ़ते देखा है। जब भी बड़े स्तर पर प्रजातंत्र…
हर राजनीतिक दल सत्ता में आने से पहले रोजगार के नए अवसर सृजित करने के बढ़-चढ़ कर दावे करता है,…