मूर्ति कांड पर एक महिला एंकर श्वेता सिंह ने अपनी नाराजगी जाहिर की है। उपद्रवियों से उन्होंने पूछा है कि भगत सिंह से आप लोगों ने सिर्फ लेनिन प्रेम ही सीखा? क्या देश प्रेम नहीं जानते हैं? एंकर की यह प्रतिक्रिया देश में जारी मूर्ति तोड़ सियासत के बीच आई है। सोशल मीडिया पर लोगों ने इस पर अपनी राय दी। लोगों ने कहा कि कम्युनिस्टों को देशद्रोह का पहला सबक लेनिन ने सिखाया था, जिसने विश्व युद्ध-प्रथम में रूसी सैनिकों से कहा था कि अपने देश के बजाय जर्मनी की सहायता करो। एक अन्य यूजर ने कहा कि भारत में जहां भी लेनिन की पूजा होती है। वहीं से देश के टुकड़े करने की मांग उठती है। नॉर्थ ईस्ट में 70 साल लेनिन की पूजा कराई गई। फिर भी वहां के लोग संसाधन होते हुए गरीब और विकसित रहे। लेनिन एक नाम नहीं। एक विकृत सोच है। शेखर यादव नाम के टि्वटर अकाउंट से लिखा गया, “विदेश में भी लेनिन की मूर्ति हटाई गई, लेकिन उस पर हल्ला नहीं हुआ। लेनिन गुलामी का प्रतीक था।”
कोयंबटूर: पेरियार की मूर्ति गिराए जाने के बाद बीजेपी कार्यालय पर पेट्रोल बम फेंका गया, देखें वीडियो
आपको बता दें कि त्रिपुरा में 25 साल से माकपा सत्ता में थी। भाजपा ने इस बार के विधानसभा चुनाव में बाजी मारी है। नॉर्थ ईस्ट के इस राज्य में भगवा लहराने के बाद देश के कई हिस्सों में हिंसा, मारपीट, तोड़-फोड़ और आगजनी के मामले सामने आए। तमिलनाडु में समाज सुधारक पेरियार और लेफ्ट नेता लेनिन की मूर्ति तोड़ी गई। बाद में कोयंबटूर स्थित बीजेपी दफ्तर पर पेट्रोल बम फेंका गया। हिंदू विचारक श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा से छेड़छाड़ की गई।
हिंदी चैनल आज तक की महिला एंकर ने इसी बाबत एक ट्वीट किया। छह मार्च को किए ट्वीट में एंकर ने पूछा, “भगत सिंह से सिर्फ लेनिन प्रेम सीखा, देश प्रेम नहीं?”
भगत सिंह से सिर्फ़ लेनिन-प्रेम सीखा, देश-प्रेम नहीं?
— Sweta Singh (@SwetaSinghAT) March 7, 2018
लोगों के सामने जैसे ही श्वेता का यह पोस्ट गया, वे भी उस पर अपनी प्रतिक्रियाएं देने लगे। कुछ लोगों ने श्वेता की बात का समर्थन करते हुए लेफ्ट विचारधारा को मानने वालों के सामने तर्क के साथ अपनी बात रखी। वहीं, कुछ लोगों ने महिला एंकर के ट्वीट के जरिए लेनिनवादी लोगों के मजे लिए। देखिए लोगों की प्रतिक्रियाएं-
