दिल्ली पुलिस ने टूलकिट मामले में 21 साल की पर्यावरण कार्यकर्ता दिशा रवि को गिरफ्तार किया है। जिसके बाद इसको लेकर जमकर विवाद हो रहा है। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी से लेकर राहुल गांधी तक सभी उनके समर्थन में ट्वीट कर रहे हैं और सरकार के इस कदम की आलोचना कर रहे हैं। प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा कि एक निहत्थी लड़की से सरकार डर गई, वहीं शशि थरूर और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इसे लोकतंत्र पर हमला बताया है।
प्रियंका गांधी ने लिखा “डरते हैं बंदूकों वाले एक निहत्थी लड़की से, फैले हैं हिम्मत के उजाले एक निहत्थी लड़की से।” प्रियंका के अलावा राहुल ने कुछ अखबारों की कटिंग शेयर करते हुए लिखा “बोल कि लब आज़ाद हैं तेरे बोल कि सच ज़िंदा है अब तक! वो डरे हैं, देश नहीं! India won’t be silenced” केजरीवाल ने दिशा रवि की गिरफ्तारी की निंदा करते हुए इसे ‘लोकतंत्र पर अभूतपूर्व हमला’ करार दिया। उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘ 21 साल की दिशा की गिरफ्तारी लोकतंत्र पर अभूतपूर्व हमला है। हमारे किसानों का समर्थन करना कोई अपराध नहीं है।”
इसको लेकर बीजेपी के नेता ने भी अपनी प्रतिकृया दी है। भाजपा सांसद पीसी मोहन ने तंज कसते हुए कहा कि बुरहान वानी भी 21 साल का था। अजमल कसाब भी 21 साल का ही था। उम्र केवल एक संख्या है। इसके अलावा अमेरिकी उपराष्ट्रपति कमला हैरिस की भांजी मीना हैरिस ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि सरकार कार्यकर्ता को निशाना क्यों बना रही है।
बता दें नार्थ बंगलूरू के सोलादेवना हल्ली इलाके की रहने वाली व जलवायु कार्यकर्ता दिशा ने माउंट कैमेल कॉलेज से बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन स्नातक की डिग्री हासिल की है। इस समय वह गुड माइल्क कंपनी के साथ जुड़ी हुई। पुलिस ने दावा किया कि रवि टूलकिट गूगल दस्तावेज का संपादन करने वाली एडिटर थीं और दस्तावेज को बनाने और फैलाने के मामले में मुख्य साजिशकर्ता हैं।
पुलिस सूत्रों का कहना है कि गिरफ्तारी के समय वह अपने घर में की काम कर रही थी। दिशा रवि के पिता मैसूर में एक एथलेटिक कोच है। मां एक गृहिणी हैं। दिल्ली पुलिस ने दिशा रवि की गिरफ्तारी को लेकर बंगलूरू पुलिस को जानकारी दी थी।
