किसान तीन कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग पर अड़े हुए हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी किसानों के आंदोलन को लेकर लगातार नरेंद्र मोदी सरकार पर जुबानी हमले कर रहे हैं। इसी बीच आज भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता संबित पात्रा ने राहुल गांधी पर जुबानी हमले किये। संबित पात्रा ने राहुल गांधी का मजाक उड़ाते हुए कहा कि ‘राहुल जी किसानों को भ्रमित करने के लिए बार-बार ट्वीट कर रहे हैं। राहुल जी कितना समझते हैं किसानी को! हां, माना उनके जीजा जी किसान हैं। आपको अंदर की बात बताता हूं कि रबी और खरीफ को वे BJP कार्यकर्ता समझते हैं। उन्हें तो यह पता भी नहीं कि यह फसलों का नाम है।’

जब से किसानों का आंदोलन शुरू हुआ है। तब से लगभग हर दिन राहुल गांधी ट्वीट कर केंद्र सरकार को घेर रहे हैं। राहुल गांधी ने हाल ही में ट्वीट करके लिखा कि ‘किसान चाहता है कि उसकी आय पंजाब के किसान की जितनी हो जाए। मोदी सरकार चाहती है देश के सब किसानों की आय बिहार के किसान जितनी हो जाए। देश का किसान समझ गया है कि मोदी सरकार ने उन्हें धोखा दिया है और अब वो पीछे नहीं हटने वाला क्योंकि वो जानता है कि अगर आज समझौता कर लिया तो उसका भविष्य नहीं बचेगा। किसान हिंदुस्तान है! हम सब किसान के साथ हैं, डटे रहिए।’

इधर अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे किसानों ने सोमवार को भूख हड़ताल किया। शाम पांच बजे किसानों की भूख हड़ताल खत्म हुई। अनशन खत्म होने के बाद भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि ‘आज का आंदोलन सफल रहा, किसान वापस नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि कल के बाद रणनीति तैयार की जाएगी। जिन थानों से हमें परेशान किया जाएगा, हम वहां पर पशु बांधना शुरू करेंगे। हम प्रदर्शन शांति पूर्ण तरीके से ही रखना चाहते हैं और सरकार चाहती है कि हंगामा हो।’

इधर अखिल भारतीय किसान समन्वय समिति से जुड़े उत्तर प्रदेश, केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना, बिहार और हरियाणा जैसे विभिन्न राज्यों के 10 संगठनों ने केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मुलाकात की। सभी ने तीनों कृषि कानूनों पर अपना समर्थन जताया है। किसान संगठनों से मुलाकात के बाद कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर ने कहा, ‘अखिल भारतीय किसान समन्वय समिति के सदस्य तमिलनाडु, तेलंगाना, महाराष्ट्र, बिहार से आए थे। उन्होंने कृषि कानूनों का समर्थन किया और हमें उसी पर एक पत्र दिया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने किसानों के कल्याण के लिए ऐसा किया है और वे इसका स्वागत और समर्थन करते हैं।’