राजधानी में पिछले वर्ष आपराधिक वारदातों में कमी आने का दावा दिल्ली पुलिस ने बुधवार को किया। दिल्ली पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025 में हत्या, हत्या के प्रयास, लूटपाट, बलात्कार, जबरन वसूली और महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराधों में गिरावट दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि संगीन अपराधों के 95 फीसद से अधिक मामलों को सुलझा लिया गया है।
आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2025 में हत्या के 491 मामले दर्ज किए गए, जिनमें से 95.32 फीसद मामलों को सुलझाने का दावा किया गया है। इसी तरह हत्या के प्रयास के 854 मामले दर्ज हुए, जिनमें से 98.13 फीसद मामलों का खुलासा किया गया। बलात्कार के कुल 1901 मामलों में से 97.11 फीसद और लूटपाट के 1326 मामलों में से 97.51 फीसद मामलों को सुलझाने का दावा पुलिस ने किया है।
हालांकि, जबरन वसूली के मामलों में दिल्ली पुलिस की चुनौती बरकरार है। वर्ष 2025 में दर्ज 212 जबरन वसूली के मामलों में से केवल 63.68 फीसद मामलों को ही सुलझाया जा सका, जबकि करीब 36 फीसद मामले अब भी अनसुलझे हैं। इसके अलावा, झपटमारी के 5406 मामले दर्ज किए गए, जिनमें से 64.22 फीसद मामलों का ही खुलासा हो पाया। महिलाओं के खिलाफ दर्ज 1708 आपराधिक घटनाओं में से 95.20 फीसद मामलों के सुलझने का दावा किया गया है। वहीं, छेड़छाड़ के 337 मामलों में से 89.02 फीसद मामलों को सुलझाने की बात कही गई है।
| अपराध का प्रकार | 2023 | 2024 | 2025 |
| हत्या | 506 | 50 | 491 |
| हत्या का प्रयास | 757 | 898 | 854 |
| बलात्कार | 2141 | 2076 | 1901 |
| लूटपाट | 1654 | 1510 | 1326 |
| जबरन वसूली | 204 | 228 | 212 |
| झपटमारी | 7886 | 6493 | 5406 |
| महिला अपराध | 2345 | 2037 | 1708 |
| छेड़छाड़ | 381 | 362 | 337 |
वैसे आंकड़े जरूर इस बात की तस्दीक कर रहे हैं कि दिल्ली में अपराध कम हुए हैं, लेकिन कई ऐसे भी मामले हैं जो असल में कभी पुलिस तक पहुंच ही नहीं पाते हैं। ऐसे में इन आंकड़ों को भी राजधानी की पूरी तस्वीर नहीं माना जा सकता।
