चीन के साथ सीमा विवाद पर भारत के रूख की लगातार आलोचना कर रहे बीजेपी सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने फिर से इस विवाद के लिए मोदी सरकार को कटघरे में खड़ा किया है। सांसद ने सवाल उठाते हुए पूछा है कि सरकार को चीन से अपमानित होने में मजा आता है या उसे इसकी आदत पड़ गई है।

दरअसल खबर है कि इस सप्ताह सीमा विवाद के मामले में चीन और भारत के बीच बैठक हो सकती है। इसी को लेकर स्वामी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। स्वामी ने ट्वीट कर कहा- क्या मोदी सरकार को चीन से बेइज्जती करवाने की आदत हो गई है, इसलिए मजे ले रही है? चीन द्वारा हमारे क्षेत्र को हड़पने के बाद 1993 में भारत के किस क्षेत्र पर आपसी सहमति बनी थी? वहां बात करने के लिए क्या है? एक बार हो सकता है ठीक है, लेकिन चीनियों द्वारा अब तक की सभी बैठकों में अपमान मिला है।

इससे पहले स्वामी ने अफगानिस्तान पर होने वाली बैठक को चीन के मुद्दे से जोड़ते हुए सरकार पर हमला बोला था। तब स्वामी ने कहा था कि मुख्य मुद्दा भारतीय क्षेत्र पर चीनी कब्जे का है। 18 बार आमने-सामने की बैठकों के बाद भी ये समस्या अनसुलझी है। इसलिए मोदी सरकार को अब केवल एक ही बिंदु पर ध्यान देना चाहिए और वो है चीन को हमारे क्षेत्र से बाहर निकालना।

बता दें पिछले साल से भारत और चीन के बीच लद्दाख में सीमा पर गतिरोध जारी है। गलवान घाटी हिंसा के बाद दोनों दोनों ने वहां भारी संख्या में सैनिक और हथियार तैनात कर रखे हैं। चीन, लद्दाख के अलावा अरुणाचल से लगी सीमा पर भी अपनी गतिविधियां जारी रखे हुए हैं। कई सेटेलाइट इमेजों से चीन की नापाक हरकतों का खुलासा हो चुका है।

इस विवाद को हल करने के लिए लगातार भारत और चीन के बीच वार्ता हो रही है, लेकिन अभी तक ये मामला अनसुलझा है। 13 दौर की वार्ता हो चुकी है। 13 वें दौर की वार्ता के बाद चीन ने इस गतिरोध के लिए भारत को जिम्मेदार ठहरा दिया था।