चरनपाल सिंह सोबती

इस समय रोहित शर्मा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिए तीनों स्वरूपों में भारत के कप्तान हैं। विराट कोहली के कप्तानी छोड़ने से जो संकट आया था, वह हाल फिलहाल नहीं है पर इसका मतलब यह नहीं कि भारत की लंबे समय तक के लिए कप्तान की जरूरत की बहस खत्म हो गई- रोहित शर्मा की उम्र (जल्दी ही 35 साल के होने वाले हैं) को देखते हुए, खास तौर पर सफेद गेंद वाली क्रिकेट के लिए, लंबे समय तक टीम के साथ रहने वाले कप्तान को तैयार करना होगा। उसे पहचान कर, रोहित शर्मा के साथ जोड़ना होगा। तो कौन हो सकता इसका दावेदार?

आइपीएल 2022 शुरू हो चुका है और पूरे देश की नजर नए और युवा भारतीय कप्तान पर है जो सिर्फ जीत को लक्ष्य बनाकर मैदान में है – चाहे वे श्रेयस अय्यर, ऋषभ पंत, केएल राहुल, मयंक अग्रवाल या हार्दिक पांड्या हों। आइपीएल, एक शानदार मौका है इन युवा कप्तान को देखने का कि वे अपनी टीम की कप्तानी कैसे करते हैं? देखते हैं इन कप्तानों को :

डीसी : सबसे ज्यादा चर्चा ऋषभ पंत की है- गजब का क्रिकेट दिमाग। युवा ऋषभ ने अपने करिअर में लंबा सफर तय किया है- सिर्फ 24 साल का होने के बावजूद। हर बात में तुलना- विकेटकीपिंग में एमएस धोनी से तो तेज तर्रार और बाएं हाथ की बल्लेबाजी में आस्ट्रेलियाई खिलाड़ी एडम गिलक्रिस्ट से। उनकी वकालत करने वालों में खास नाम आस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान और दिल्ली कैपिटल्स के मुख्य प्रशिक्षक रिकी पोंटिंग का है। पंत और रोहित शर्मा के बीच समानता की चर्चा के लिए उनसे बेहतर स्थिति में कोई नहीं। पोंटिंग तब मुंबई इंडियंस का हिस्सा थे, जब रोहित को 2013 सीजन में फिर से कप्तान बनाया था। आने वाले सालों में, ऋषभ के अंतरराष्ट्रीय कप्तान बनने की पूरी संभावना है।

सीएसके : आइपीएल 2022 की शुरुआत से ठीक पहले धोनी ने सीएसके की कप्तानी रवींद्र जडेजा को सौंप दी। स्टार आलराउंडर, 2012 से चेन्नई सुपर किंग्स टीम में हैं और धोनी और सुरेश रैना के बाद चेन्नई फ्रेंचाइजी का नेतृत्व करने वाले सिर्फ तीसरे खिलाड़ी। यह मानने वालों की कमी नहीं कि रवींद्र जडेजा को टीम इंडिया के कप्तान के तौर पर तैयार करने की योजना है। अब नहीं, तो शायद कभी नहीं क्योंकि जडेजा की भी उम्र बढ़ रही है। रोहित पर कप्तानी का दबाव है और जडेजा उन खिलाड़ियों में से एक हैं जो यह जिम्मेदारी बांट सकते हैं।

केकेआर : पिछले साल तक दिल्ली कैपिटल्स का प्रतिनिधित्व करने वाले श्रेयस अय्यर इस बार कोलकाता फ्रेंचाइजी के कप्तान- केकेआर ने विशाल नीलामी में 12.25 करोड़ रुपए में खरीदा था और इयोन मार्गन की जगह कप्तान बनाया। तुलना में, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की चर्चा में श्रेयस अय्यर को ‘नया’ कहा जा सकता है पर अपनी खूबियों के कारण छुपे रुस्तम हैं। आत्मविश्वास सफलता की कुंजी है तो ये श्रेयस के पास है। हाल के भारत के लिए सीमित ओवर और टैस्ट क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन से उनकी छवि एकदम बदल गई। नई टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए कुछ खास करने का इरादा और हो सकता है कि टीम इंडिया के लिए फायदे में बदल जाए।

एलएसजी : इस सीजन में आइपीएल में नई आई लखनऊ फ्रेंचाइजी ने भारत के ओपनर बल्लेबाज केएल राहुल को कप्तान बनाया- पिछले सीजन तक पंजाब किंग्स के कप्तान थे। एलएसजी ने टीम का ताना-बाना उनके इर्द-गिर्द बुना और टीम की क्रिकेट पर उनकी छाप रहेगी। केएल राहुल तो कप्तान रह भी चुके हैं। अब एक नया अध्याय शुरू कर रहे हैं।

जीटी : एक और नई फ्रेंचाइजी, गुजरात ने भारत के स्टार आलराउंडर हार्दिक पांड्या को कप्तान बनाया। हार्दिक, पिछले सीजन तक मुंबई इंडियंस का प्रतिनिधित्व कर रहे थे- उनके सेटअप का एक खास हिस्सा थे। इस सीजन में पहली बार किसी आइपीएल टीम का नेतृत्व कर रहे हैं और चूंकि टीम के पहले क्रिकेटर थे- टीम तैयार करने में उनकी खास भूमिका है। गुजरात फ्रेंचाइजी का आइपीएल में पहला सीजन और टीम ने उन्हें सबसे पहले क्रिकेटर के तौर पर लेते हुए गुजरात कनेक्शन को ध्यान में रखा पर बिना कप्तानी के किसी खास अनुभव वाले हार्दिक पांड्या को कप्तान बनाया उनका युवा जोश देखकर। वे इस आइपीएल में चौंका सकते हैं।

पीबीकेएस : पंजाब को मयंक अग्रवाल के तौर पर एक नया कप्तान मिला है- उन्हें विशाल नीलामी से पहले फ्रेंचाइजी ने रिटेन किया था। यह मयंक का आइपीएल कप्तान के तौर पर पहला अनुभव है। कुछ खास होगा, वे तभी दावेदार होंगे।