मुंबई ने बारिश से बाधित मैच में बुधवार (17 अक्टूबर, 2018) को एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेले गए विजय हजारे ट्रॉफी के पहले सेमीफाइनल मैच में हैदराबाद को 60 रनों से हरा दिया। हैदराबाद ने पहले बल्लेबाजी करते हुए पूरे 50 ओवर खेलने के बाद आठ विकेट के नुकसान पर 246 रन बनाए थे। इस दौरान स्लिप में खड़े भारतीय टीम के विस्फोटक बल्लेबाज रोहित शर्मा ने ऐसा कैच लिया कि अंपायर भी कन्फ्यूज हो गए। तब हैदराबाद 2 विकेट के नुकसान पर 76 रनों के साथ मजबूत स्कोर की तरफ बढ़ रही थी लेकिन तभी अलगी गेंद पर स्लिप में खड़े रोहित ने संदीप का शानदार कैच लपका। उन्होंने कैच करीब-करीब जमीन की सतह के थोड़ा ऊपर से पकड़ा और गेंद तुरंत हवा में उछाल दी। इससे अंपायर थोड़ी देर के लिए कन्फ्यूज हो गए। हालांकि रिव्यू लेने पर स्थिति साफ हो गई और रोहित के कैच को सही मान लिया गया है। सोशल मीडिया में रोहित के इस कैच की जमकर तारीफ हो रही है।

बाद में लक्ष्य का पीछा करने उतरी मुंबई ने 25 ओवरों में दो विकेट खोकर 155 रन बना लिए थे। इसी समय बारिश आई और फिर खेल संभव नहीं हो सका। अंपयारों ने वीजेडी प्रणाली का इस्तेमाल किया और मुंबई को 60 रनों से जीत मिली। मुंबई की जीत वैसे भी आसान लग रही थी। वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट सीरीज में बल्ले से अपनी छाप छोड़ने वाले युवा बल्लेबाज पृथ्वी शॉ ने अपनी फॉर्म को यहां भी जारी रखा और 44 गेंदों में 61 रनों की पारी खेली जिसमें आठ चौके और दो छक्के शामिल थे। शॉ 82 के कुल स्कोर पर मेहेदी हसन की एक नीची रहती गेंद पर बोल्ड हो गए। उनसे पहले मुंबई ने रोहित शर्मा (17) का विकेट खो दिया था। रोहित को भी हसन ने 73 के कुल स्कोर पर आउट किया।

इसके बाद कप्तान श्रेयस अय्यर एक छोर से रन बना रहे थे। बारिश आने तक उन्होंने अपनी पारी में 53 गेंदों का सामना कर पांच चौके और दो छक्कों की मदद से नाबाद 55 रन बना लिए थे। अजिंक्य रहाणे 29 गेंदों पर 17 रन बनाकर खेल रहे थे। इससे पहले, मुंबई के गेंदबाजों ने हैदराबाद को बड़ा स्कोर करने से रोक दिया। रोहित रायडू (नाबाद 121) के अलावा हैदराबाद का कोई और बल्लेबाज विकेट पर खड़े रहकर उनका साथ नहीं दे सका। बवांका संदीप (29) ने अच्छी शुरुआत की लेकिन वह इसे बड़ी पारी में नहीं बदल सके। अंत में अमित भंडारी (19) और हसन (23) ने रोहित के साथ कुछ देर खड़े रहने का साहस दिखाया। (जनसत्ता ऑनलाइन इनपुट सहित)