UP Police Recruitment Exam 2013: उत्तर प्रदेश में छह साल पहले हुई पुलिस भर्ती के सफल आवेदकों की अब तक नियुक्ति नहीं हो पाई है। नाराज छात्रों ने शुक्रवार (17 मई) को डीएम ऑफिस के सामने जमकर प्रदर्शन किया। उनका कहना है कि जल्द ही नियुक्ति नहीं मिली तो उनके पास सुसाइड करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचेगा। इस संबंध में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भी पत्र लिखा जा चुका है। बता दें कि इन पदों के लिए 2015 में ही नतीजे घोषित हो गए थे, लेकिन अभी तक नियुक्ति नहीं हुई है।
Lucknow: Candidates who had cleared UP Police recruitment exam in 2013, staged protest outside DM office y'day. Say, "It has been 6 yrs but we haven't been appointed yet. Even the candidates from 2018 batch have been appointed. If our demands are not heard we will commit suicide" pic.twitter.com/Auc1Dp7Qtd
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) May 17, 2019
ये है पूरा मामलाः यूपी पुलिस भर्ती के लिए 2013 में कुल 41,610 पदों के लिए परीक्षा ली गई थी। इस परीक्षा के नतीजे 2015 में घोषित किए गए थे। वहीं नतीजे घोषित होने के बाद 38,315 सफल आवेदकों को नियुक्ति पत्र दिया गया था और बाकी 3,295 को अगली बार होने वाली नियुक्ति के लिए सूचीबद्ध कर दिया गया था। बताया जा रहा है कि इस भर्ती के दौरान आरक्षण को लेकर कुछ गड़बड़ी हुई थी जिसके विरोध में कुछ लोग इलाहाबाद हाईकोर्ट चले गए थे। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इस मामले में अब तक राज्य के गृह सचिव, सीएम योगी आदित्यनाथ और यूपी पुलिस भर्ती और प्रोन्नति बोर्ड के महानिदेशक को भी पत्र लिखा जा चुका है।
Protesters: We had won the case in HC, Court said that we be given appointment letters but it didn't happen. We've met State Home Secy, CM & DG-UP Police Recruitment&Promotion Board but to no avail. We've no other option but to commit suicide, also written to the President"(17.8) pic.twitter.com/t6TgCI4Bw3
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) May 17, 2019
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हाईकोर्ट ने दिया था ये फैसलाः हाईकोर्ट ने आरक्षण के मामले में परीक्षा में पास हुए उम्मीदवारों के हक में फैसला किया था। कोर्ट ने अपने फैसले में सभी सफल आवेदकों को नियुक्ति देने की बात कही थी। बताया जा रहा है कि सभी का मेडिकल टेस्ट भी हो चुका है, फिर भी पिछले छह सालों से उनकी नियुक्ति नहीं हुई है। वहीं सफल आवेदकों ने भर्ती बोर्ड पर मनमानी करने का आरोप लगाया। उनका यह भी कहना है कि उनके बाद परीक्षा देने वाले 2018 बैच की नियुक्ति हो गई है लेकिन उनकी नियुक्ति अभी तक नहीं हुई है। पद नहीं मिलने से परेशान अभ्यार्थियों ने सामूहिक आत्मदाह करने की भी बात कही है। यहां क्लिक करके जानिए कि आपके लिए कौन सी सरकारी नौकरी फिट है।
कन्नौज में भी अभ्यार्थियों ने मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपाः उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती 2013 की समस्त परीक्षाएं पास करने के बाद भी नौकरी न मिलने से परेशान प्रदर्शनकारी डीएम ऑफिस पहुंचे। इन्होंने प्रदर्शन कर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। इसमें उन्होंने कहा कि सरकार ने कोर्ट के फैसले की भी अवमानना की है।

