क्या आपने महसूस किया है कि सर्दियों में भूख पहले से अधिक बढ़ जाती है? जी हां, यह बिल्कुल सच है। ठंडी हवाएं शरीर का तापमान कम कर देती हैं, जिसके कारण शरीर को स्वाभाविक रूप से गर्म, पौष्टिक और ऊर्जा देने वाले भोजन की आवश्यकता महसूस होने लगती है। आयुर्वेद के अनुसार सर्दी का मौसम वो समय होता है जब हमारा पाचन तंत्र सबसे मजबूत रहता है। इस दौरान शरीर भोजन से पोषक तत्वों को अधिक प्रभावी तरीके से अवशोषित करता है। इसलिए इस मौसम में खान-पान जितना संतुलित और पौष्टिक होगा, उतनी ही अच्छी सेहत और इम्युनिटी पूरे साल बनी रहती है। हर मौसम में हमारी बॉडी की जरूरत बदलती जाती है और कुदरत ने हमारी बॉडी से बहुत बेहतर तालमेल करके हमें हर मौसम में खाने की कुछ बेहतरीन चीजें दी हैं जो हमारी बॉडी को बैलेंस में रखती हैं, इम्यूनिटी बढ़ाती है और बॉडी को हेल्दी रखती हैं।
बात करें सर्दी की तो प्रकृति ने सर्दियों में हमें भरपूर हरी पत्तेदार सब्जियां दी है। इन सब्जियों की हर पत्ती में अलग-अलग पोषण, गर्माहट और उपचार शक्ति होती है। आयुर्वेद मानता है कि मौसम के अनुसार मिलने वाले खाद्य पदार्थ शरीर के अनुरूप होते हैं और बीमारी से बचाने में सबसे अधिक प्रभावी होते हैं।
भारतीय योग गुरु, लेखक, शोधकर्ता और टीवी पर्सनालिटी डॉक्टर हंसा योगेंद्र के मुताबिक सर्दी में कुदरत ने हमें 5 ऐसे अनमोल साग दिए हैं जिनका सेवन पूरी सर्दी किया जाए तो इम्यूनिटी मजबूत होती है, हड्डियों का दर्द और सूजन से राहत मिलती है। एक्सपर्ट ने बताया हरी पत्तेदार सब्जियों में अनोखी उपचार शक्ति छिपी है। कुछ हरी पत्तियां सेहत को पूरी सर्दी सुरक्षित रख सकती हैं। इनका सेवन करके किसी टॉनिक या सप्लीमेंट लेने की जरूरत नहीं होती।
बथुआ, सरसों का साग, चौलाई, पालक और मेथी सर्दी की ऐसी सब्जियां है जो प्रकृति का अनमोल खजाना हैं। ये सर्दियों में शरीर को मजबूत बनाती है, जोड़ों को लचीला और मन को स्थिर रखती हैं। सप्ताह में कम से कम एक दिन अपनी थाली में किसी 1 हरी पत्तेदार सब्जी को शामिल करें। आइए जानते हैं कि ये सब्जियां कैसे सर्दी में बॉडी के लिए अमृत हैं।
चौलाई (Amaranth Leaves) का साग खाएं
लाल और हरी दोनों ही चोलाई सर्दी में बॉडी की एनर्जी को बूस्ट करती है। इसका सेवन करने से बॉडी को ताकत मिलती है और खून साफ होता है। कैल्शियम, आयरन और विटामिन C से भरपूर साग हड्डियों, मांसपेशियों और स्किन के लिए फायदेमंद होता है। सर्दियों में शरीर को गर्मी देने और एनर्जी को बूस्ट करने के लिए चोलाई को हल्का सा घी और अदरक के साथ पका कर खाएं। इम्यूनिटी बूस्ट करने वाला ये साग एक टॉनिक की तरह असर करता है।
बथुआ (Chenopodium / Bathua)खाएं
बथुआ एक ऐसा साग है जो उत्तर भारत में यह सर्दियों में खूब मिलता है। ये साग खुद ब खुद उग जाता है लेकिन सेहत के लिए अमृत है। इसका सेवन करने से लिवर साफ होता है,पाचन दुरुस्त रहता है और शरीर धीरे-धीरे डिटॉक्स होता है। बॉडी को साफ करने वाला ये साग इम्युनिटी और स्टैमिना बढ़ाता है। सर्दी में बथुए का रायता या नरम पराठा पेट को हल्का रखता है और शरीर को मजबूत करता है।
पालक (Spinach) सर्दी में है दवा
पालक एक ऐसी हरी पत्तेदार लोकप्रिय सब्जी है जो पूरे साल मिलती है। पालक पोषक तत्वों का पावर हाउस है जिसमें आयरन, फोलेट और क्लोरोफिल भरपूर होता है। इसका सेवन करने से खून बढ़ता है और शरीर को ताकत मिलती है। सर्दियों की शाम में एक कटोरी गर्म पालक सूप शरीर को आराम देता है और इम्युनिटी बढ़ाता है। हल्का पकाया हुआ पालक कच्चे से ज्यादा फायदेमंद है।
मेथी (Fenugreek Leaves) का साग खाएं
मेथी का थोड़ा कड़वा स्वाद दवा की तरह काम करता है। ये पत्तियां पेट के लिए अमृत है। पाचन मजबूत करती है, पेट और आंतों की सफाई करती है और बॉडी को गर्माहट देती है। सर्दी में रोज इन पत्तों का सेवन करने से बॉडी को गर्मी मिलती है और ब्लड शुगर कंट्रोल रहता है। ये साग जोड़ों का दर्द कंट्रोल करता है। मेथी का साग आप पराठा या मेथी दाल के रूप में सप्ताह में 1–2 बार खाएं शरीर गर्म, लचीला और स्किन साफ रहती है।
सरसों (Mustard Greens) का साग भी है असरदार
सरसों का साग और मक्का की रोटी सर्दी की बेस्ट फूड डिश है। सरसों का साग नेचुरल एनर्जी बूस्टर है जो प्राकृतिक रूप से गर्म तासीर वाला होता है। ये साग एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है। इसे खाने से स्टेमिना बढ़ता है और ब्लड सर्कुलेशन में सुधार होता है। सर्दी में इसका सेवन करने से बलगम साफ होता है। इम्यूनिटी बूस्ट करने वाले इस साग का सेवन मकई के आटे और घी के साथ करें तो बॉडी को भरपूर एनर्जी मिलेगी।
रोज पानी में उबाल कर इन पत्तों को पी लें, पैरों से लेकर बॉडी के हर अंग की सूजन और दर्द होगी गायब, आचार्य बालकृष्ण ने बताया इसे अमृत
