सर्दियों में अक्सर लोग इस दुविधा में रहते हैं कि उन्हें ठंड के मौसम में गर्म पानी से नहाना चाहिए या फिर ठंडे पानी से। गर्म पानी से नहाने पर शरीर को तुरंत सुकून और राहत मिलती है, इसलिए अधिकतर लोग इसे ही चुनते हैं। वहीं, ठंडे पानी से नहाने को लेकर मन में शंका रहती है कि कहीं इससे तबीयत खराब न हो जाए। ऐसे में सही विकल्प चुनना कई बार मुश्किल हो जाता है।

गर्म पानी से नहाने के फायदे

न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. श्वेता अदातिया ने अपने यूट्यूब चैनल पर इसको लेकर जानकारी दी है। वह कहती हैं कि गर्म पानी से नहाने पर मांसपेशियों को आराम मिलता है और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। यह खासतौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है जिन्हें मांसपेशियों में जकड़न, तनाव या सर्दियों में दर्द की समस्या रहती है। रात के समय गुनगुने पानी से नहाने से नींद भी बेहतर आती है और शरीर रिलैक्स होता है।

ठंडे पानी से नहाने के फायदे

डॉ. श्वेता अदातिया ठंडे पानी से नहाने के बारे में भी बताती हैं। वह कहती हैं कि सर्दी में ठंडे पानी से नहाना दिमाग और शरीर के लिए एक एनर्जेटिक शॉक की तरह काम करता है। इससे वेगस नर्व एक्टिव होती है। वह आगे कहती हैं कि डोपामिन और नॉर-एड्रिनलिन जैसे ‘गुड केमिकल्स’ रिलीज होते हैं, जिससे मूड बेहतर होता है।

रोग प्रतिरोधक क्षमता होती है मजबूत

ठंडे पानी से नहाने से बॉडी की रोग प्रतिरोधक क्षमता बेहतर होती है। वह कहती हैं कि कुछ रिसर्च में यह भी पाया गया है कि कोल्ड शावर लेने वालों में व्हाइट ब्लड सेल्स की संख्या बढ़ सकती है, जिससे संक्रमणों से लड़ने की क्षमता बेहतर होती है। ठंडे पानी से नहाने पर त्वचा टाइट होती है और पोर्स बंद होकर डस्ट व बैक्टीरिया से बचाव होता है।

हालांकि, डॉ. श्वेता अदातिया यह भी सलाह देती हैं कि ठंडे पानी का इस्तेमाल सभी के लिए सही नहीं होता है। हाई बीपी वाले, साइनस, सर्दी-जुकाम या लकवा से पीड़ित लोगों को कोल्ड शावर लेने से बचना चाहिए।

Disclaimer: आर्टिकल में लिखी गई सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य जानकारी है। किसी भी प्रकार की समस्या या सवाल के लिए एक्सपर्ट से जरूर परामर्श करें।