यूपीएससी की परीक्षा पास करने के लिए अभिषेक शर्मा जो कड़ी मेहनत की वो इस परीक्षा की तैयारी कर रहे तमाम युवाओं के लिए किसी प्रेरणा से कम नहीं है। साल 2017 में अभिषेक शर्मा ने इस प्रतिष्ठित परीक्षा में 69वां रैंक हासिल किया था और यह उनके लिए किसी सपने के सच होने से कम नहीं था। जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के रहने वाले अभिषेक शर्मा को इस परीक्षा पास करने में कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा लेकिन उन्होंने कभी हिम्मत नहीं हारी।
खास बात यह भी है कि अभिषेक शर्मा के नाम यह भी श्रेय है कि वो किश्तवाड़ जिले से ऐसे पहले छात्र हैं जिन्होंने यूपीएससी की परीक्षा पास की है। अभिषेक शर्मा का परिवार आर्थिक परेशानियों से जूझ रहा था लिहाजा उनकी पढ़ाई-लिखाई बेहद ही मुश्किल हालात में हुई थी। परिवार खेती और दुग्ध उत्पादन के जरिए पालन-पोषण पर निर्भर था। किसी तरह आर्थिक परेशानियों को झेलते हुए अभिषेक शर्मा ने अपना ग्रेजुएशन पूर किया औऱ फिर वो दिल्ली आ गए।
यहां आने के 2-3 महीने बाद उन्हें ऐसा लगा कि कोचिंग करते हुए वो यूपीएससी की तैयारी नहीं कर पाएंगे लिहाजा वो वापस घर आ गए और घर पर ही तैयारी करने लगे। एक साक्षात्कार में अपनी तैयारी के दिनों को याद करते हुए अभिषेक ने बताया था कि गांव में अत्यधिक बर्फबारी की वजह से 40 दिनों तक बिजली नहीं आई थी। बिजली और मार्ग बाधित होने की वजह से इंटरनेट का कनेक्शन भी नहीं रह गया था। अखबार भी 40 दिनों तक नहीं आया था। अभिषेक की तैयारी पूरी तरह डिस्टर्ब हो गई थी और वो यह सोचने लगे थे कि दिल्ली से वापस घर आना उनका सही फैसला था या नहीं?
हालांकि, अभिषेक ने खुद पर भरोसा बनाए रखा और अपना आत्मविश्वास कमजोर नहीं होने दिया। शुरू से हिंदी मीडियम में पढ़ाई करने की वजह से अभिषेक के लिए अंग्रेजी भी एक समस्या थी। अभिषेक को पहली और दूसरी बार में सफलता हाथ नहीं लगी। तीसरी बार में अभिषेक ने हिंदी में साक्षात्कार दिया और यूपीएससी पास कर ली।

