पसीना जो बूंद-बूंद टपक कर गिर रहा था, और अपने साथ जहरीले रसायनों को भी निकाल कर बाहर कर रहा…
सूचना क्रांति और तकनीकी विकास ने एक कृत्रिम दुनिया खड़ी कर दी है।
दर्पण में अपना मुखड़ा देखने का शौक अब बहुत ऊंचाइयां हासिल कर चुका है।
जीवन में खेलों के महत्त्व को कौन नहीं जानता? किसे नहीं मालूम कि खेल मन को प्रसन्नता देने के साथ-साथ…
मानव से ऊपर उठते हैं तो हम पाते हैं कि प्रकृति का कण-कण प्रेम की अभिव्यक्ति है।
सफलता को सर्वोपरि मानते हुए तमाम सामाजिक मूल्यों को दरकिनार करना जैसे सामान्य बात हो गई है।
पारिवारिक और सामाजिक संबंधों की मजबूती के लिए आपसी बातचीत भी जरूरी है।
वादे हमारे संबंध बनाने का एक महत्त्वपूर्ण हिस्सा हैं।
वर्तमान समय में हमारी शिक्षा व्यवस्था ही अंकों पर प्रतिभा का मानक तैयार करने वाली प्रणाली बन गई है।
बच्चों पर व्यावसायिक सपने लादने का सफल, सांस्कृतिक शैक्षिक माहौल हमने परस्पर सहयोग से बहुत सालों में बड़ी शिद्दत से…
डाकिए के थैले में चिट्ठियां नहीं, संवेदनाओं का भंडार होता।