Rampur Two Wives Panchayat Decision: उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसे सुनकर लोग पहले हैरान हुए, फिर हंसी रोकना मुश्किल हो गया। यहां पति-पत्नी के झगड़े सुलझाने के लिए पंचायत ने ऐसा ‘मैनेजमेंट फॉर्मूला’ निकाला है, जो किसी सरकारी दफ्तर के रोस्टर से कम नहीं लगता।
दोनों पत्नियों के बीच होता था झगड़ा
मामला है अजीमनगर थाना क्षेत्र के नगलिया आकिल गांव का, जहां एक शख्स अपनी दो पत्नियों के बीच फंसा हुआ था। पहली शादी घरवालों की पसंद से हुई थी, जबकि दूसरी शादी दिल की सुनवाई पर। नतीजा यह हुआ कि दोनों पत्नियां पति पर पूरा हक जताने लगीं और घर रोज का अखाड़ा बन गया। झगड़े इतने बढ़े कि मामला पुलिस तक पहुंच गया।
हालात बिगड़ते देख गांव की पंचायत बुलाई गई। पंचायत में जब दोनों पत्नियों और पति की फरियाद सुनी गई, तो पंचों ने दिमाग चलाया और रिश्तों का ऐसा ‘3-3-1 फॉर्मूला’ निकाला, जिसने सबको चौंका दिया।
पंचायत के फैसले के मुताबिक – सोमवार से बुधवार तक पति पहली पत्नी के साथ रहेगा, जबकि गुरुवार से शनिवार पति दूसरी पत्नी के हिस्से में जाएगा। रविवार को पति का वीकली ऑफ होगा। इस दिन वो केवल खुद को वक्त देगा।
बता दें कि पंचायत ने इसे मजाक नहीं बल्कि गंभीर मामला मानते हुए लिखित समझौता भी तैयार करवाया, जिस पर पति और दोनों पत्नियों के दस्तखत कराए गए। खास परिस्थितियों में दिन आगे-पीछे करने की छूट भी दी गई है – यानि जरूरत पड़ी तो टाइम-टेबल एडजस्टेबल है।
वैसे यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले बिहार के पूर्णिया में भी ऐसा ही फॉर्मूला अपनाया गया था, जहां गिरफ्तारी के डर से पति को दोनों पत्नियों में 3-3 दिन बांट दिया गया था और एक दिन उसकी मर्जी पर छोड़ दिया गया था।
