दिल्ली सरकार ने एलजी की परमिशन ना मिलने के बाद भी 3 नवंबर से एक बार फिर फ्री योगा क्लासेस शुरु कर दी है। आम आदमी पार्टी की ओर से इस बात की जानकारी दी गई तो सोशल मीडिया यूजर्स प्रदूषण को लेकर सरकार को घेरते हुए कई तरह के सवाल करने लगे। यूजर्स का कहना है कि पहले जानलेवा प्रदूषण से दिल्ली को बजाओ फिर योगा कराओ।
मनीष सिसोदिया ने कही यह बात
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने योगा करते लोगों की तस्वीर शेयर कर लिखा कि, ‘दिल्ली के कोने कोने में दिल्ली की योगशाला के तहत योग क्लासेज एक बार फिर से शुरू हुई है। जनता उसी उत्साह और ऊर्जा से क्लासेज के साथ जुड़ी हुई है। षड्यंत्र कार्यों को जनता का ये जवाब है, अधिकारियों को डराने धमकाने से जनक्रांति नहीं रुकती। अरविंद केजरीवाल जी कहते हैं, वह कर के दिखाते हैं।’ आम आदमी पार्टी की ओर से लिखा गया कि एलजी की मंजूरी ना मिलने के बावजूद सीएम अरविंद केजरीवाल ने पूरी दिल्ली में फिर शुरू करवाई, दिल्ली की योगशाला। वादा किया था, वादा निभाया।
लोगों के रिएक्शन
ओम शरण नाम के एक यूजर ने लिखा कि अरविंद जी, योगा बाद में करवा लीजिएगा लेकिन पॉल्यूशन पर कुछ कंट्रोल करो। दिल्ली में अब जीना दूभर हो गया है। राहुल सक्सेना नाम के एक यूजर ने कमेंट किया, ‘क्यों अपने कार्यकर्ताओं की जान लेने पर तुले हुए हो, किसी डॉक्टर से पूछोगे तो वह साफ बना कर देगा कि इतने प्रदूषण में योगा नहीं करना चाहिए।’ रितु नाम की एक ट्विटर यूजर कमेंट करती हैं – इतने प्रदूषण में सांस लेना मुश्किल है और आप कह रहे हैं कि खुले में योगा करो।
शुभम सिंह नाम के एक टि्वटर हैंडल से लिखा गया कि प्रदूषण से ध्यान भटकाने के लिए ये सब किया जा रहा है, सांस लेने के लिए स्वच्छ हवा तो है नहीं, योगा करके क्या फायदा? अभिषेक कश्यप नाम के एक ट्विटर यूजर लिखते हैं, ‘ सर, योग के लिए स्वच्छ वायु भी चाहिए। उसके लिए कुछ प्रभावशाली कदम उठाइए, नहीं तो पता चला कि इस वायु में लोग योग करते – करते ईश्वर को प्यारे हो जाएंगे।’ गोपी कृष्णा नाम के ट्विटर यूजर कमेंट करते हैं कि मुझे उन लोगों पर तरस आ रहा है, जो दिल्ली की जहरीली हवा में लंबी लंबी सांसे लेकर योग कर रहे हैं और अपनी जिंदगी खतरे में डाल रहे हैं।
योगशाला पर लगी थी रोक
दिल्ली सरकार की दिल्ली की योगशाला कार्यक्रम पर एक नवंबर से रोक लगा दी गई थी। जिसको लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ने उपराज्यपाल को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा था कि वह दिल्ली में फ्री योगा क्लासेस को बंद नहीं होने देंगे। जानकारी के लिए बता दें कि दिल्ली के सीएम ने योगा टीचर से मुलाकात कर कहा था कि वह लोगों के बीच किसी भी तरह से भरेंगे लेकिन योगा क्लासेज नहीं बंद होने देंगे।
