यूपी पुलिस अपनी इमेज को सुधारने के लिए तरह-तरह की कवायद कर रही है। इसी सिलसिले में मुजफ्फरनगर जिले की जानसठ पुलिस ने थाने के बाहर एक बोर्ड लगाया है। इस बोर्ड में लिखा है कि कोतवाली में दलालों का प्रवेश पूर्ण रूप से वर्जित है। बोर्ड में इस बिंदू पर खास जोर दिया गया है। इसके अलावा पुलिस का कहना है कि थाने में सभी शिकायतें निशुल्क लिखी जाएंगी। बोर्ड में लिखा है कि आम जनता को चाहिए कि वे पुलिस को सहयोग देकर कानून के हाथ मजबूर करें। पुलिस ने कोतवाली में लगाये इस बोर्ड में लिखा है, “सामाजिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस का सहयोग करें, ताकि पुलिस आपकी सुरक्षा के लिए तत्पर रहे, पुलिस आपकी मित्र है, न कि विरोधी, ये थाना आपका है, हमारी नियुक्ति आपकी सुरक्षा के लिए हुई है।”

बता दें कि ये बोर्ड आस-पास के इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। इस थाने की पुलिस का कहना है कि मुजफ्फरनगर में पुलिस जनता के मित्र सहयोगी और दोस्ती का रिश्ता होना चाहिए। लोगों को जब भी जरूरत पड़े पुलिस को बुलाएं और जनता को चाहिए कि वह पुलिस की मदद करे, उसे सूचनाएं दे। पुलिस जनता से अच्छे रिश्ते बनाने के लिए खास योजना बना रही है इसी के तहत चार दिन पहले ये बोर्ड लगाया गया है। वहीं जनता मानती है कि पुलिस ने ये बोर्ड सीएम योगी आदित्यनाथ द्वारा की गई सख्ती के बाद लगाया है।

बता दें कि कुछ ही दिन पहले सीएम योगी आदित्यनाथ ने भ्रष्टाचार पर कड़ी कार्रवाई की थी। सीएम योगी ने अनियमितता बरतने, अवैध खनन की शिकायतें मिलने पर फतेहपुर और गोंडा के जिलाधिकारी को सस्पेंड कर दिया था। सीएम ने पुलिस अधिकारियों को भी फटकार लगाई थी। समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने भी योगी सरकार पर हमला बोला था। अखिलेश ने कहा था कि थानों में पीड़ितों की सुनवाई नहीं होती है बल्कि यहां पर अपराधियों का संरक्षण होता है।