ऐसा लगता है कि बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजों से समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव सतर्क और सावधान होने के साथ ही डर भी गए हैं। अखिलेश यादव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कलाकारों से अपील की है कि वे बिहार जैसे गाने उत्तर प्रदेश में ना बना दें।

बिहार विधानसभा चुनाव में राजद के समर्थन में कुछ ऐसे गाने बने थे जिनका काफी फिक्र हुआ था। खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक चुनावी सभा में ऐसे गानों के मुद्दे को उठाया था।

माना जाता है कि इस तरह के गानों की वजह से न सिर्फ आरजेडी बल्कि महागठबंधन को भी चुनाव में जबरदस्त नुकसान हुआ।

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अखिलेश यादव ने पत्रकारों से भी अपील की है कि कोई कैसा भी गाना बनाए उन्हें उनका नहीं बताया जाना चाहिए। यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि यह AI का जमाना है, गाना तुरंत बन जाता है। चुनाव नतीजों के बाद राजद की ओर से इस तरह के गाने बनाने वाले गायकों को लेकर नाराजगी जताई गई थी और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी।

यह साफ है कि अखिलेश यादव नहीं चाहते कि कोई कलाकार बिहार का जैसा गाना बना दे, बीजेपी इस मौके को लपक ले और इससे सपा और उसके सहयोगी दलों को विधानसभा चुनाव में नुकसान हो।

एसआईआर का मुद्दा उठाया

अखिलेश यादव ने एसआईआर को लेकर भी बात की और कहा कि बिहार में एसआईआर के कारण बड़ी संख्या में लोग वोट डालने से वंचित रह गए। उन्होंने कहा कि इस तरह का शक है कि कहीं उत्तर प्रदेश में भी विपक्षी दलों के वोट काटने की साजिश तो नहीं हो रही है।

यादव ने कहा कि अफसरों की धमकियों से बीएलओ परेशान हैं और कई लोग डिप्रेशन में आत्महत्या तक कर चुके हैं।

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