भारतीय रेलवे की कई ट्रेनों पर कोहरे की मार पड़ी है। जिसके चलते करीब दो दर्जन ट्रेनें लेट चल रही हैं। मार्गों पर कम रोशनी के चलते ट्रेन हैं। जिन ट्रेन की आवाजाही में विलंब हो रहा है, उनमें से ज्यादातर लंबी दूरी की हैं। कुछ दिनों से लगातार कोहरे और बारिश के चलते ट्रेन हो रही हैं। हालांकि लेट चलने वाली ट्रेनों की सूची भी रेलवे की तरफ से जारी की गई है।
बता दें कि, राष्ट्रीय राजधानी में मंगलवार सुबह कई हिस्सों में भारी बारिश होने के साथ ही न्यूनतम तापमान सामान्य से पांच डिग्री अधिक दर्ज किया गया। उत्तरी रेलवे ने बताया कि करीब 15 ट्रेनें औसतन दो से तीन घंटे की देरी से चल रही थीं। इनमें हावड़ा-नई दिल्ली पूर्वा एक्सप्रेस, मालदा-दिल्ली जंक्शन फरक्का एक्सप्रेस, मुंबई अमृतसर एक्सप्रेस और अन्य शामिल थीं। पुरी-नई दिल्ली पुरुषोत्तम एक्सप्रेस करीब छह घंटे की देरी से चल रही थीं।
भारतीय मौसम विभाग ने अनुमान जताया था कि दिल्ली-एनसीआर के इलाकों में मौसम खराब रहेगा। इसके साथ ही विभाग ने तेज बारिश की भी संभावना जताई थी। न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार, मंगलवार को कोहरे की वजह से 15 ट्रेनें के आवागमन में देरी हुई। मौसम विभाग ने बताया था कि अगले सप्ताह तक ऐसे ही हालत बने रहेंगे।
वहीं दूसरी ओर, भारत में पहली बुलेट ट्रेन मुंबई से अहमदाबाद के बीच चलनी है। लेकिन अब दूसरे हिस्सों में भी बुलेट ट्रेन चलाने की योजना है। बताया जा रहा है कि देश के 12 रूटों पर बुलेट ट्रेन चलाने के लिए सर्वे शुरू हो चुका है। इनमें पटना-प्रयागराज रूट भी शामिल है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, केंद्रीय रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने बुलेट ट्रेन चलाने के संबंध में बताया कि, देश में 12 रूटों पर जर्मनी से आई विशेषज्ञों की टीम सर्वे कर रही है। सर्वे के बाद टीम भारत सरकार को जांच रिपोर्ट सौंपेगी। बताया जा रहा है कि देश के व्यस्ततम रूटों में दिल्ली-मुरादाबाद-वाराणसी रुट के साथ ही नई दिल्ली-भोपाल, नई दिल्ली-मुंबई, पुणे-मुंबई, हैदराबाद-चेन्नई, प्रयागराज-पटना, बंगलुरु-चेन्नई-तिवेंद्रम समेत कई ट्रैकों पर भी फिजिबिलटी रिपोर्ट बनाई जा रही है। इसके अलावा नई दिल्ली-कानपुर-प्रयागराज रूट का सर्वे भी कई बार हो चुका है।
