BMC Election Result 2026: बीएमसी कंट्रोल को लेकर महायुति के अंदर चल रहे सत्ता संघर्ष के बीच, डिप्टी सीएम एकनाथ शिंद ने रविवार को अपने नव-निर्वाचित पार्षदों के साथ ताज होटल में बैठक की। इससे रिजॉर्ट पॉलिटिक्स की बातें होने लगीं। हालांकि, एकनाथ शिंदे ने कहा कि ठाकरे को अपने पार्षदों का ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिवसेना डरने वाली पार्टी नहीं है।
मीडिया से बातचीत में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, “कई पार्षद नए चुने गए हैं। इसलिए, हमें गाइड किया जा रहा है कि उन्हें कैसे जानें, उनसे बातचीत कैसे करें, एक-दूसरे के साथ आइडिया कैसे शेयर करें, काम कैसे करें? प्रपोजल कैसे पेश करें। साथ ही, सबको साथ रखने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। मैं इन सभी पार्षदों से मिलना चाहता था। अब कल मैं सभी पार्षदों का एक ग्रुप बनाना चाहता हूं। मैं पार्षदों से मिलकर बहुत खुश हूं।” जब उन्हें बताया गया कि उद्धव ठाकरे के पार्षद नॉट रीचेबल हैं, तो एकनाथ शिंदे ने कहा कि वह उनसे डरते हैं। इसलिए, उद्धव ठाकरे को अपने पार्षदों का ध्यान रखना चाहिए।
शिंदे ने पार्षदों को क्या सलाह दी?
डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा, “पार्षदों के चुने जाने के बाद, मैंने पार्षदों को उस वार्ड में बेसिक सुविधाओं और मुद्दों पर ध्यान देने का निर्देश दिया है। साथ ही, पार्षदों को अभी से अपने वार्ड में कुछ ठोस कामों का प्रस्ताव देना चाहिए। क्योंकि मुंबईकरों ने विकास को चुना है। उन्होंने इमोशनल मुद्दों को नकार दिया है। महायुति के पास हर वार्ड और मुंबई के विकास का एक बड़ा मौका है। मैंने कॉर्पोरेटर्स को निर्देश दिया है कि उस मौके का फायदा उठाना जरूरी है।”
ये भी पढ़ें: क्या कांग्रेस से अलग होना उद्धव ठाकरे को पड़ा भारी? जानें कैसे विपक्षी फूट ने बीजेपी-शिंदे की राह की आसान
जब उनसे मेयर पद के लिए पार्टी के भीतर की मांगों के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, “मुंबई के मेयर महायुति से होंगे।” इस बीच, शिवसेना मंत्री उदय सामंत ने कहा, “इस साल शिवसेना संस्थापक बाल ठाकरे की 100वीं जयंती है और हर शिवसैनिक की यही कामना है कि मुंबई में महापौर का पद शिवसेना को मिले। हालांकि, अंतिम फैसला बीजेपी के देवेंद्र फड़नवीस और शिवसेना के एकनाथ शिंदे लेंगे।”
बीएमसी चुनाव के क्या रहे नतीजे?
अब बीएमसी चुनाव के नतीजों की बात करें तो 227 वार्डों में से भारतीय जनता पार्टी ने 89 सीटें जीतीं। एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने 29 सीटें जीतीं और अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी ने 3 सीटें जीती हैं। वहीं, शिवसेना (यूबीटी) ने 65 सीटें जीतीं, कांग्रेस को 24 सीटें मिलीं। एआईएमआईएम ने 8 सीटें जीतीं और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना एमएनएस को 6 सीटें हासिल मिली हैं। शरद पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी (एसपी) ने 1 सीट हासिल की। आम आदमी पार्टी नगर निगम चुनावों में अपना खाता भी नहीं खोल पाई।
ये भी पढ़ें: बीजेपी-शिवसेना के बीच ढाई-ढाई साल वाला फाॅर्मूला… बीएमसी में मेयर की कुर्सी के लिए क्या बोले शिंदे के प्रवक्ता?
