मंजेश राणा, नील माधव और आदित्य पांडे द्वारा लिखित

Delhi Election/Chunav Results 2020: दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी को प्रचंड बहुमत मिलने के पीछे कई कारक है। इनमें से एक युवाओं का साथ मिलना भी है। दिल्ली में लोकनीति के चुनाव-पूर्व सर्वेक्षण से यह स्पष्ट होता है। सबसे कम उम्र के मतदाताओं के समूह 18-25 साल की उम्र के हर पांच में से तीन या करीब 59% ने आप को वोट किया। वहीं भाजपा को तीन में से एक युवा मतदाता या 33 प्रतिशत का साथ मिला।

2015 के विधानसभा चुनाव से तुलना करें तो युवाओं के बीच में आप को लेकर क्रेज बढ़ा है और 2 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।इसके अलावा भाजपा की तुलना में आप को युवा मतदाताओं के समूह में 26 अंकों की बढ़त दिखाई देती है। इन सब के बावजूद भाजपा को लोकसभा 2019 में युवा मतदाताओं का भारी समर्थन मिला है।

इस चुनाव में 18 से 22 साल की उम्र के युवा मतदाताओं के बीच भाजपा का वोट शेयर 4 अंक गिरकर 29 प्रतिशत पहुंच गया है। इसके साथ ही पहली बार वोट देने वाली महिलाओं के बीच भी आप का प्रभाव बढ़ा है। इस आयु वर्ग की 68 प्रतिशत महिलाओं ने आप को वोट दिया।

26 साल से 35 आयु समूह के मतदाताओं का 54 प्रतिशत वोट आप को और 40 प्रतिशत भाजपा को मिला। दिलचस्प बात यह है कि इस आयु वर्ग के 60 प्रतिशत वोटर 2015 के चुनाव में आप के साथ थे और भाजपा 29 अंक पीछे थी।

इस बार के चुनाव में शहर में युवा और कॉलेज के छात्रों के कई विरोध भी देखे गए। हमारे सर्वेक्षण में यह पूछे जाने पर कि क्या वे विरोध करने वाले छात्रों की पुलिस से पिटाई को सही या गलत मानते हैं? 18 से 25 साल के मतदाताओं के करीब दो-तिहाई या 64 प्रतिशत लोगों ने गलत बताया। जामिया में पुलिस के प्रवेश को 71 प्रतिशत ने गलत बताया।

युवा ब्रिगेड यह भी चाहती है कि दिल्ली पुलिस दिल्ली सरकार के तहत हो। ऐसा मानने वाले युवाओं की संख्या 52 प्रतिशत थी। इस सर्वेक्षण में जेएनयू में हॉस्टल शुल्क में बढ़ोतरी को लेकर छात्रों के आंदोलन को भी काफी समर्थन मिला। संक्षेप में कहें तो महिलाओं की तरह युवा ने आप की शानदार जीत को संभव बनाया।

(लेखक लोकनीति-सीएसडीएस से जुड़े हैं)