दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष राम निवास गोयल को बिल्डर के घर में जबरन घुसने के आरोप के चलते बेटे समेत 6 महीने की जेल की सजा सुनाई गई है। मामला 2015 में विधानसभा चुनाव के दौरान एक घर में अवैध रूप से घुसने का है।

दिल्ली की राऊस एवेन्यू अदालत ने शुक्रवार को राम निवास गोयल और चार अन्य लोगों को 6 महीने की जेल और एक हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट समर विशाल ने  गोयल समेत, सुमित गोयल, हितेश खन्ना, अतुल गुप्ता और बलबीर सिंह को दोषी करार  दिया है।

गौरतलब है कि गोयल पर आरोप था कि उन्होंने अपने समर्थकों के साथ दिल्ली विधानसभा चुनाव से एक दिन पहले 6 फरवरी 2015 को विवेक विहार में एक स्थानीय बिल्डर मनीष घई के घर पर कथित तौर पर छापा मारा था। अदालत ने आरोपियों को आईपीसी की धारा 448 (घर अतिचार) के तहत सजा सुनाई है। सत्तर वर्षीय गोयल ने एडवोकेट मेंहद इरशाद के जरिए मामले में आरोपों का खंडन किया था।

बता दें कि शिकायतकर्ता मनीष ने आरोप लगाया था कि दोषियों ने उनके घर में अलमारी, ड्रायर, रसाई का सामान, खिड़कियां व शीशों को नुकसान पहुंचाया था। मजदूरों के साथ हाथापाई की थी। पुलिस ने सितंबर 2017 में 7 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। इनमें से दो लोगों को अदालत ने आरोपमुक्त कर दिया था।