Ghar par chyawanprash kaise banaen: सर्दियों में अक्सर घर के बड़े बुजुर्ग हमें च्यवनप्राश खाने की सलाह देते हैं। उनका कहना होता है कि इससे में ठंड में स्वस्थ्य रहने में मदद मिलती है। च्यवनप्राश को बनाने में कई जड़ी-बूटियों का इस्तेमाल किया जाता है। इसलिए बीमारियों (Chyawanprash Benefits in Hindi) से बचाव होता है।
इसे खाने से इम्यूनिटी बूस्ट होती है। पाचन तंत्र दुरुस्त रहता है। हड्डियां मजबूत होती हैं। ब्लड साफ होता है। इंफेक्शन से भी बचाव होता है। च्यवनप्राश की तासीर गर्म होती है, इसलिए एक व्यस्क व्यक्ति एक दिन में 1 टी-स्पून च्यवनप्राश खाना चाहिए। इसे खाने के आधे धंटे तक मसालेदार चीजों या ठंडा पानी पीने से परहेज करना चाहिए। आप इसे बाजार से खरीदने के बजाय घर पर भी बड़ी आसानी से तैयार कर सकते हैं, आइए जानें इसकी रेसिपी।
घर पर इन चीजों से बनाएं च्यवनप्राश
च्यवनप्राश बनाने की सामग्री | Chyawanprash Ingredients
च्यवनप्राश बनाने के लिए आपको आंवला,घी, गुड़, शहद की जरूरत होगी। वहीं इसमें डालने के लिए आपको मसाले और जड़ी-बूटियां भी चाहिए होंगी। इसके लिए आप दालचीनी, हरी और बड़ी इलायची, लौंग, जायफल, केसर, सूखी अदरक, पिपली , काली मिर्च, चिरायता, मुलेठी, शतावरी, अश्वगंधा, भृंगराज, गिलोय, हरड़, बहेड़ा, नागरमोथा चाहिए होगा।
घर पर कैसे बनाएं च्यवनप्राश | Ghar par chyawanprash kaise banaen
घर पर च्यवनप्राश बनाने के लिए सबसे पहले आंवले को धोकर उबालें। इसे निकाल लें। मसालों और जड़ी-बूटियों को सुखाकर पहले ही पीसकर रख लें। इसके बाद आपको घी गर्म करना है। उसमें उबले हुए आंवले के गूदे को डालें। इसे सही तरीके से भूनें। फिर गुड़ और शहद को मिलाएं। इसको आपको गाढ़ा होने तक पकाना है। अब इसमें जड़ी-बूटियों को मिलाएं। लीजिए आपका इस तरह से च्यवनप्राश तैयार है। इसे ठंडा होने के बाद कांच के जार में भर स्टोर करें।
Disclaimer: आर्टिकल में लिखी गई सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य जानकारी है। किसी भी प्रकार की समस्या या सवाल के लिए एक्सपर्ट से जरूर परामर्श करें।
