भारत के दिग्गज ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 11वें संस्करण के लिए किंग्स इलेवन पंजाब टीम का कप्तान नियुक्त किया है। अश्विन को जनवरी में हुई नीलामी में पंजाब की टीम द्वारा 7.60 करोड़ रुपये में खरीदा गया था। अश्विन इंडियन प्रीमियर लीग के 2016-17 सीजन में राइजिंग पुणे सुपरजाएंट्स में खेल चुके हैं। इससे पहले 2009 से 2015 तक उन्होंने इस लीग में चेन्नई सुपर किंग्स का प्रतिनिधित्व किया था। धोनी की कप्तानी में खेल चुके अश्विन का कहना है कि वह उनके जैसा नहीं बनना चाहते।
इंडिया टीवी को दिए इंटरव्यू में अश्विन ने कहा, “हर कप्तान का अपना अलग स्टाइल होता है और मैं चेन्नई सुपर किंग्स के अनुभव को भुनाऊंगा। मैं धोनी के कूल और विराट कोहली के अग्रेसिव अंदाज की कॉपी नहीं करूंगा। मैं अलग तरीके से नेतृत्व करूंगा और वीरू पाजी (वीरेंद्र सहवाग) और गौतम गंभीर के मार्गदर्शन में सीखी गई बातों को अमल में लाऊंगा।”

उन्होंने कहा, “भारत के लिए खेलते समय दबाव आईपीएल से अलग होता है। हम हर एक मैच नहीं जीत सकते। लेकिन हम अपनी गलतियों पर काम कर उससे सीखने की कोशिश करेंगे। हार हमारे अभियान का निर्धारण करेगी। मुझे लगता है कि एक गेंदबाज को कप्तान बनाए जाने के कई फायदे होते हैं। वो दूसरे गेंदबाजों के माइंडसेट को अच्छे से जानता है।”
किंग्स इलेवन पंजाब ने इस सीजन मयंक अग्रवाल (1 करोड़), मुजीब जादरान (4 करोड़), मंजूर डार (20 लाख), रविचंद्रन अश्विन (7.60 करोड़), डेविड मिलर (3 करोड़), मार्कस स्टोइनिस (6.20 करोड़), प्रदीप साहू (20 लाख), मनोज तिवारी (1 करोड़), युवराज सिंह (2 करोड़), करुण नायर (5.60 करोड़), केएल राहुल (5.60 करोड़), एंड्रू टाई (7.20 करोड़), आकाशदीप नाथ (1 करोड़), क्रिस गेल (2 करोड़), आरोन फिंच (6.20 करोड़), मोहित शर्मा (2.40 करोड़), बरिंदर सरन (2.20 करोड़), अंकित राजपूत (3 करोड़), बेन द्वारशियस (1.40 करोड़), मयंक डागर (20 लाख) और अक्षर पटेल (12.50 करोड़) को अपने साथ जोड़ा है।


