भारतीय टीम के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह आज अपना 24वां जन्मदिन मना रहे हैं। सीमित ओवरों के यॉर्कर स्‍पेशलिस्‍ट माने जाने वाले जसप्रीत बुमराह को जनमदिन से ठीक पहले एक बड़ी खुशखबरी हाथ लगी है। उन्हें दक्षिण अफ्रीकी दौरे के लिए पांचवें तेज गेंदबाज के रूप में भारत की 17 सदस्यीय टीम में शामिल किया गया है। इससे पहले जसप्रीत बुमराह भारत की तरफ से वनडे और टी-20 मैचों में खेल चुके हैं। दोनों ही फॉर्मेट में उन्होंने अपनी गेंदबाजी के हुनर से सभी का दिल जीत लिया है। ऐसे में उन्हें टेस्ट टीम लाने की चर्चा काफी पहले की जाती रही है। लेकिन बुमराह को यह मौका अगले साल जनवरी में होने वाले दक्षिण अफ्रीकी दौरे में दिया गया है। बुमराह के लिए यहां तक सफर कतई आसान नहीं था। 2013 में शायद ही कोई इस बात से वाकिफ होगा कि मुंबई इंडियंस की तरफ से खेलने वाला यह लड़का इतनी जल्दी भारतीय क्रिकेट का एख चमकता सितारा बन जाएगा।

जसप्रीत बुमराह (फोटो सोर्स- इंडियन एक्सप्रेस)

जसप्रीत का जन्म 6 दिसंबर 1993 को अहमदाबाद में हुआ। पिता जसबीर सिंह का खुद का बिजनेस था, जबकि मां दलजीत प्राइमरी स्कूल में प्रिंसिपल थीं। जब जसप्रीत महज 7 साल के थे तो सिर से पिता का साया उठ गया। मां ने जसप्रीत और बेटी को खुद पाला-पोसा। मां जिस स्कूल की प्रिंसिपल थी वहीं जसप्रीत की प्रारंभिक शिक्षा पूरी हुई। जसप्रीत बुमराह ने आईपीएल में अपना डेब्यू मैच 4 अप्रैल 2013 को मुंबई इंडियन्स की ओर से रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के खिलाफ खेला। इसमें उन्होंने 32 रन देकर 3 विकेट झटके। वह पहले प्लेयर रहे जिसने अपने डेब्यू मैच में 3 विकेट झटके थे।

जसप्रीत बुमराह (फोटो सोर्स- इंडियन एक्सप्रेस)

आज इस खिलाड़ी ने अपनी गेंदबाजी के दम पर टीम इंडिया में अपनी खास जगह बना ली है। बल्लेबाज इनकी गेंदों से घबराते हैं। डेथ ओवरों में जसप्रीत बुमराह की गेंदबाजी इतनी शानदार होती है कि कई अहम मैचों में अंतिम ओवर इन्हें ही थमाए गए और देश की उम्मदों पर ये खिलाड़ी खरा भी उतरा। आज आप जसप्रीत बुमराह को इस मुकाम पर देखते हैं लेकिन क्या जानते हैं कि यहां तक पहुंचने के लिए इस 23 वर्षीय क्रिकेटर ने किन-किन कठिन परिस्थितियों का सामना किया।