Lok Sabha Election 2019: लोकसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के कुछ दिन बाद ही गुजरात में बीजेपी की महिला पाटीदार कोटे की नेता रेशमा पटेल ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष जीतू वाघानी को इस्तीफा देते हुए बीजेपी पर आरोप लगाया कि पार्टी एक मार्केटिंग कंपनी बन गई है और इसके सदस्य सेल्सपर्सन बन गए हैं। रेशमा ने आगामी लोकसभा चुनाव पोरबंदर सीट से लड़ने का ऐलान किया है।

बीजेपी को बताया मार्केटिंग कंपनी: हाल ही में पाटीदार नेता हार्दिक पटेल कांग्रेस में शामिल हुए है। इसके कुछ दिन बाद ही शुक्रवार को पाटीदार कोटे से नेता रेशमा पटेल ने भी बीजेपी छोड़ने का ऐलान कर दिया। उन्होंने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष को इस्तीफा सौपनें के बाद आरोप लगाया कि बीजेपी एक मार्केटिंग कंपनी बन गई है। पटेल ने बीजेपी को अहंकारी पार्टी बताते हुए कहा कि पार्टी के बड़े नेताओं द्वारा छोटे कार्यकर्ताओं को दबाया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी नेताओं का तानाशाही रवैया हमेशा कार्यकर्ताओं को दबाने का काम करता रहा है। ऐसे में अब इस अन्याय को सहन न करते हुए सार्वजनिक हित में, मैं पार्टी से इस्तीफा दे रही हूं।

 

बीजेपी का बयान: रेशमा के इस्तीफे पर बोलते हुए सौराष्ट्र और कच्छ क्षेत्र के बीजेपी प्रवक्ता राजू ध्रुव ने कहा कि लोकतंत्र में सभी को किसी भी सीट से चुनाव लड़ने का अधिकार है। यह उनका अधिकार और विशेषाधिकार है।

कौन हैं रेशमा पटेल: बता दें कि बीजेपी छोड़ने वाली पाटीदार कोटे की नेता रेशमा पटेल पहले हार्दिक पटेल के आरक्षण आंदोलन की प्रमुख सदस्य थी। दिसंबर 2017 में रेशमा विधानसभा चुनावों से ठीक पहले बीजेपी में शामिल हो गई थीं। तब उन्होंने हार्दिक पटेल पर कांग्रेस का एजेंट होने का आरोप लगाया था। बताया जा रहा है कि रेशमा ने हार्दिक पटेल का समर्थन करते हुए कहा कि वे जहां से लोकसभा चुनाव 2019 लड़ेंगे, वे उनका समर्थन करेंगी।