बड़ी खबर आ रही है। बलिया गोलीकांड के मुख्य आरोपी धीरेंद्र सिंह को यूपी एसटीएफ ने लखनऊ से गिरफ्तार कर लिया है। धीरेंद्र सिंह पिछले 4 दिनों से यूपी पुलिस को छका रहा था। लेकिन आखिरकार यूपी एसटीएफ ने उसे दबोच लिया है। इस मामले में अब तक मुख्य आरोपी समेत 10 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। आपको बता दें कि कुछ दिनों पहले बलिया स्थित दुर्जनपुर में खुली पंचायत में एक व्यक्ति (46) की हत्या कर दी गई थी।
धीरेंद्र सिंह और उसके सहयोगियों को एसटीएफ की टीम किसी अज्ञात जगह पर ले जाकर पूछताछ कर रही है। एसटीएफ के आईजी अमिताभ यश ने बताया कि टीम हत्या में इस्तेमाल किये गये हथियार को लेकर भी जानकारी जुटा रही है।
लखनऊ के जनेश्वर मिश्र पार्क के पास से आज सुबह धीरेंद्र सिहं को पकड़ा गया है। धीरेंद्र सिंह के आलावा दो अन्य नामदज आरोपी संतोष यादव और अमरजीत यादव को गिरफ्तार किया गया है। सूचना के मुताबिक STF की टीम मुख्य आरोपी धीरेंद्र सिंह को बलिया लेकर जाएगी और स्थानीय पुलिस को हैंडओवर करेगी। पुलिस के मुताबिक आरोपियों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) और गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई होगी।
इसी हत्या का मुख्य आरोपी धीरेंद्र सिंह हत्या के बाद फरार हो गया था। बताया गया था कि आरोपी धीरेंद्र सिंह भाजपा कार्यकर्ता है और पार्टी विधायक सुरेंद्र सिंह का करीबी है। 15 अक्टूबर को बलिया में हत्या की गई थी। इस हत्या का एक वीडियो भी सामने आय़ा था। जिसमें दावा किया गया था कि पुलिस के सामने ही हत्या की गई है।
#WATCH Special Task Force (STF) of UP Police arrests the main accused of Ballia incident, Dhirendra Singh, from Lucknow.
A man had died after bullets were fired during a meeting for allotment of shops under government quota, in Durjanpur village of Ballia on Thusday. pic.twitter.com/rfiS2cbRA0
— ANI UP (@ANINewsUP) October 18, 2020
इस हत्यकांड के बाद पुलिस-प्रशासन पर भी सवाल उठे थे। पुलिस ने धीरेंद्र पर पहले 25 हजार औऱ फिर बाद में 50 हजार रुपए के इनाम का ऐलान किया था। पुलिस 4 दिनों से धीरेंद्र को ढूंढ रही थी और इस बीच उसने एक वीडियो भी जारी किया था। धीरेंद्र ने वीडियो जारी कर कहा था कि उसने गोली नहीं चलाई थी।
इस कांड के बाद यूपी बीजेपी के चीफ स्वतंत्र देव सिंह ने पार्टी के विधायक सुरेंद्र सिंह को तलब कर लखनऊ भी बुलाया है। विधायक सुरेंद्र सिंह ने आरोपी धीरेंद्र का समर्थन किया था।

