Serial Chain Killer: ‘सीरियल चेन किलर’ के नाम से मशहूर इस शख्स को मौत की सजा दी गई है। पश्चिम बंगाल के वर्धमान जिले में छात्रा के साथ रेप और फिर उसकी हत्या के मामले में उसे मौत की यह सजा अदालत ने दी है। पिछले साल जून के महीने में 16 साल की एक लड़की के साथ दुष्कर्म औऱ हत्या के मामले में Kamruzzaman Sarkar को पुलिस ने पकड़ा था। इसी मामले में पश्चिम बंगाल की एक जिला अदालत ने सोमवार को उसे मौत की सजा सुनाई। इस कातिल को सीरियल चेन किलर क्यों कहा जाता था? इसके बारे में हम आपको आगे बताएंगे पहले हम आपको बताते हैं कि यह किलर कैसे दबोचा गया?

बंगाल में छात्रा की हत्या के बाद पुलिस ने एक टीम बनाई और अपने सहयोगियों की मदद से कातिल को पकड़ने की योजना बनाई। इसके बाद पुलिस को सूचना मिली की लाल रंग के मोटरसाइकिल पर सवार एक शख्स पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ कर भाग रहा है। हालांकि कुछ दूर जाने के बाद उसने अपना संतुलन बाइक से खो दिया औऱ वो गिर गया। इसके बाद पुलिस ने आखिरकार इस सीरियल किलर को दबोच लिया।

9 महिलाओं का किया कत्ल: पश्चिम बंगाल का ही रहने वाला 38 साल का इस खूंखार सीरियल किलर पर आरोप है कि उसने कम से कम 9 महिलाओं का कत्ल किया। इतना ही नहीं इनमें से अपने 2 शिकार के साथ उसने दुष्कर्म जैसी घिनौनी घटना को भी अंजाम दिया। Kamruzzaman Sarkar पर कुल 15 केस दर्ज हैं। इनमें 2 रेप केस, 7 हत्या और 6 हत्या के प्रयास के मामले शामिल हैं। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी कहा जा रहा है कि इस बेरहम कातिल पर लूट के मामले भी दर्ज हैं।

16 से लेकर 75 साल की महिलाओं को बनाया शिकार: Kamruzzaman Sarkar ने 16 से लेकर 75 साल तक की महिलाओं को अपना शिकार बनाया है। उसने साल 2013 से लेकर 2019 तक कई संगीन वारदातों को अंजाम दिया। Kamruzzaman Sarkar को ‘Chain Man’ भी कहा जाता था। चेन मैन कहे जाने के पीछे एक खास वजह थी। दरअसल बताया जाता है कि वो लोगों के घरों में बिजली की रीडिंग करने के बहाने से घुसता था और फिर महिलाओं पर हमला कर देता था। इस बात खुलासा उन महिलाओं ने अदालत में किया जो उसके हमले में बच गई थीं।

साइकिल की चेन से गला घोंटता था: पता चला है कि Kamruzzaman Sarkar साइकिल की चेन से महिलाओं का गला घोंट देता था। इसके अलावा वो लोहे को रॉड से महिलाओं के सिर पर जोरदार वार करता था ताकि उसे तसल्ली हो जाए कि महिला की मौत हो चुकी है। यहीं वजह है कि उसे पश्चिम बंगाल में ‘Chain Man’ के नाम से जाना जाता था।

अकेली महिला पर करता था अटैक: एक खास बात यह है कि वो ज्यादातर दोपहर को ही लोगों के घरों में घुसता था ताकि घर के पुरुष सदस्य अपने काम के सिलसिले में घऱ से बाहर चले जाएं। दोपहर के वक्त कौन से घर में महिला अकेली रहती हैं यह पता लगाने के लिए वो 2-3 दिन तक घर की रेकी भी करता था।

इस बात की जानकारी ईस्ट बर्धमान जिले के पुलिस अधीक्षक भास्कर मुखर्जी ने ‘Hindustan Times’ से बातचीत में दी है। खुलासा हुआ है कि मूल रूप से मुर्शिदाबाद का रहने वाला Kamruzzaman Sarkar शादीशुदा था और उसे एक बेटा तथा एक बेटी भी थी।

लाल रंग को मानता था लकी: इस कातिल के पास एक लाल रंग की मोटरसाइकिल और लाल रंग का हेल्मेट था और उसको पकड़ने में पुलिस को उसकी लाल रंग की बाइक से काफी मदद मिली। बताया जाता है कि इस कातिल को किसी ने बताया था कि लाल रंग उसके लिए लकी है इसलिए वो ज्यादातर लाल रंग की बाइक का इस्तेमाल किया करता था।