महाराष्ट्र के कोल्हापुर में एक सामाजिक कार्यकर्ता ने सोमवार (26-10-202) को खुद को आग के हवाले कर लिया। बताया जा रहा है कि सामाजिक कार्यकर्ता की एक Civic Worker से बहस हुई थी और उन्होंने कर्मचारी की शिकायत भी दर्ज कराई थी। कर्मचारी पर कार्रवाई ना होने की स्थिति में उन्होंने सुसाइड कर लेने की बात कही थी।
मृतक युवक की पहचान नरेश भोरे के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि नरेश कोल्हापुर जिले के Ichalkarnji tehsil के रहने वले थे। यह जगह पुणे से करीब 230 किलोमीटर दूर बताई जा रही है। नरेश भोरे ने खुद पर पेट्रोल छिड़कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
दरअसल नरेश भोरे ने निगम के एक ट्रक ड्राइवर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। नरेश भोरे ने बताया था कि निगम का एक ट्रक ड्राइवर मरे हुए सूअर को ट्रक में बांध कर उसे घसीट कर ले जा रहा था। रास्ते में नरेश ने ड्राइवर को ऐसा करने से रोका और उसे डांट लगाई। जिसपर ट्रक के ड्राइवर ने उन्हें गालियां दी थीं।
इस घटना के बाद नरेश ने Ichalkaranji Municipal Council में अपनी शिकायत दर्ज कराते हुए ट्रक ड्राइवर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। नरेश ने काउंसिल से कहा था कि अगर ट्रक ड्राइवर पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो वो आत्महत्या कर लेंगे। हालांकि काउंसिल की तरफ से आरोपी ट्रक ड्राइवर के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई।
इस घटना पर शिवाजीनगर पुलिस स्टेशन के एक अधिकारी ने मीडिया को जानकारी दी है कि नरेश को बुरी तरह से जली हुई हालत में अस्पताल ले जाया गया था लेकिन वहां कुछ समय बाद उनकी मौत हो गई। बहरहाल अब इस मामले में पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।
