इधऱ झारखंड के धनबाद जिले में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के नेता शंकर रवानी और उनकी पत्नी की लाश मिली है। यह लाश शंकर रवानी के घर से बरामद की गई है। कहा जा रहा है कि डेड बॉडी पर गोली के निशान और चाकू से गोदे जाने के निशान हैं। धनबाद के पुलिस अधीक्षक असीम विक्रांत मिंज ने कहा कि ‘सुदामडीह थाना इलाके में जेएमएम नेता और उनकी पत्नी का लाश मिली है। उनके शरीर पर गोली के जख्म और गोदे जाने के घांव हैं। यह घटना पिछली रात की बताई जा रही है। मामले में आगे की जांच की जा रही है।’
शंकर रवानी के बारे में बताया जा रहा है कि वो झारखंड मुक्ति मोर्चा के धनबाद महानगर कमेटी के उपाध्यक्ष भी थे। दंपत्ति की लाश घऱ में मिलने के बाद से इलाके में हड़कंप मच गया है। इलाके के लोग दोहरे हत्याकांड की आशंका जता रहे हैं। पुलिस इस मामले में 2 परिवार के बीच चल रही पुरानी रंजिश के एंगल पर अभी जांच कर रही है।
50 साल के शंकर रवानी और 45 साल की उनकी पत्नी बालिका देवी की मौत का जिम्मेदार कौन है? अभी इसके बारे में कुछ भी पता नहीं चल सका है। शंकर रवानी का एक 22 वर्षीय बेटा भी है जो बाहर पढ़ता है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया।
सिंदरी के डीएसपी एके सिन्हा भौरा ओपी प्रभारी कालिका राम, सुदामडीह थाना प्रभारी व आदि थानों की पुलिस ने घटना स्थल पर जाकर मुआयना किया है। पुलिस ने घटनास्थल से पुलिस ने चाकू और नाइन एमएम का एक खोखा जब्त किया है।
बता दें कि 17 अगस्त 2017 को रेनबो ग्रुप के चेयरमैन धीरेन रवानी की हत्या हुई थी। हत्या का आरोप शंकर रवानी के बड़े पुत्र कुणाल रवानी पर लगा था। घटना के समय ही कुणाल रवानी की भी पीट-पीटकर लोगों ने हत्या कर दी थी। व्यवसाय और संपत्ति विवाद को लेकर शंकर रवानी और धीरेन रवानी में विवाद था।
शंकर और धीरेन चचेरे भाई थे। शंकर रवानी उक्त घटना के समय जेल में बंद थे। दोनों परिवारों ने एक दूसरे पर आरोप लगाया था। पुलिस भी पुरानी रंजिश से ही जोड़कर इस हत्याकांड को देख रही है।

