आधार कार्ड बेहद ही महत्वपूर्ण दस्तावेजों में से एक माना जाता है। आधार कार्ड में एक यूजर की बॉयोमेट्रिक और डेमोग्राफिक जानकारियां दर्ज होती हैं। इसके साथ ही हर कार्डधारक को 12 अंकों का यूनिक नंबर भी दिया जाता है। एक दस्तावेज में इतनी सारी जानकारियों के दर्ज होने के बाद अक्सर लोगों के मन में इसकी सुरक्षा को लेकर सवाल होते हैं और कई बार लोग अपनी लापरवाही के चलते फ्रॉड के शिकार हो जाते हैं या उनके कार्ड का गलत इस्तेमाल कर लिया जाता है।
ज्यादात्तर मामलों में ऐसा तभी होता है जब यूजर अपने आधार कार्ड की जानकारियों को छिपा कर नहीं रखते। आधार कार्ड को जारी करने वाली संस्था यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईडीएआई) ने आधार की जानकारी सोशल मीडिया पर साझा न करने की सलाह दी है। यूआईडीएआई के मुताबिक यूजर्स को अपने आधार से संबंधित विवरण को सोशल प्लेटफॉर्म पर साझा नहीं करना चाहिए। अगर आपने कभी ऐसा किया है तो उसे तुरंत ही डिलीट कर दें।
हालांकि आधार कार्ड नंबर अगर किसी के हाथ लग भी जाए तो कार्डधारकों को चिंता करने की जरूरत नहीं होती, हालांकि यूआईडीएआई की तरफ से यह जरूर कहा जाता है कार्डधारक अपने आधार की सुरक्षा सुनिश्चित करें क्योंकि कई ऐसे मामले देखने को मिलते रहे हैं जिसमें डुप्लीकेट आधार कॉपी के जरिए बैंक खाते में सेंध लगा दी गई हो। ऐसे में आप अपने आधार को लॉक कर सकते हैं या मास्कड आधार का इस्तेमाल कर सकते हैं। इन दोनों ही विकल्पों का इस्तेमाल कर आप अपने आधार नंबर को सुरक्षित रख सकते हैं।

