Child Aadhaar Card: आधार कार्ड एक बेहद ही महत्वपूर्ण दस्तावेज में से एक है। यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईडीएआई) द्वारा इसे जारी किया जाता है। आधार की अहमियत का अंदाजा आप इसी से लगा सकते हैं कि स्कूल में बच्चे के एडमिशन से लेकर तमाम सरकारी योजनाओं के तहत मिलने वाले फायदों को पाने के लिए आधार की मांग की जाती है। बच्चे का आधार नहीं होने पर स्कूल एक निश्चित समय के अंदर आधार बनवाने को कह रहे हैं।
बच्चों का आधार कैसे बनता है इसे लेकर अक्सर अभिभावकों के मन में कई सवाल होते हैं। एक ऐसा ही सवाल यह है कि बाल आधार बनवाने के लिए अभिभावकों को किन शर्तों को पूरा करना होता है?
बच्चों का आधार बनवाते समय यूआईडीएआई की कुछ शर्तें हैं जिन्हें पूरा किया जाना अनिवार्य है। आधार बनवाने के लिए अभिभावकों को किन शर्तों को पूरा करना होता है। इनमें से एक शर्त यह है कि आधार सूची में बच्चे का नामांकन करने से पहले माता-पिता का नामांकन अनिवार्य है। अगर नामांकन के समय बच्चे के पिता, माता या अभिभावक ने नामांकन नहीं कराया है या तीनों में से कोई भी आधारकार्ड धारक नहीं हैं, तब बच्चे का नामांकन नहीं किया जा सकता।
नियमों के मुताबिक 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों के मामले में माता-पिता या गार्जियन में से किसी एक का नाम और आधार नंबर अनिवार्यत दर्ज किया जाएगा। बता दें कि एक शिशू से लेकर वृद्ध व्यक्ति आधार के लिए पात्र हैं। बच्चों के आधार कार्ड को बाल आधार भी कहा जाता है। यह नीले रंग का होता है।
