कांग्रेस के एक सांसद को सवाल पूछने पर विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने सोशल मीडिया पर ब्लॉक कर दिया। बुधवार को इस बात की जानकारी सांसद ने अपने टि्वटर हैंडल से दी। सांसद और पंजाब में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष रहे प्रताप सिंह बाजवा का आरोप है कि विदेश मंत्री ने उन्हें कड़े सवाल पूछने पर ब्लॉक कर दिया। यही नहीं, सांसद ने सोशल मीडिया पर इससे जुड़ा एक स्क्रीनशॉट भी साझा किया, जिसमें साफ लिखा था कि सुषमा ने उन्हें ब्लॉक कर दिया। बता दें कि विदेश मंत्री माइक्रो ब्लॉगिंग साइट पर खासा लंबे वक्त से सक्रिय हैं। एक क्लिक पर वह लोगों को मदद का आश्वासन देती हैं। चाहे विदेश में भारतीय नागरिकों के फंसने का मसला हो या फिर इमरजेंसी में पासपोर्ट की जरूरत से जुड़ी बात हो। वह हमेशा लोगों की मदद के लिए आगे आती हैं। प्रताप बावजा ने भी इसी क्रम में उनसे इराक में लापता भारतीय नागरिकों के बारे में सवाल किया था, जिसके बाद उन्हें ब्लॉक कर दिया गया।

कांग्रेसी सांसद ने बुधवार को इस बाबत एक ट्वीट किया। उन्होंने सख्त लहजे में पूछा, “यही तरीका है विदेश मंत्रालय चलाने का? क्या इराक में गायब 39 भारतीयों को लेकर कड़े सवाल पूछने के लिए सुषमा स्वराज जी के दफ्तर को किसी सांसद को ब्लॉक करना ठीक है?”

दरअसल, कांग्रेसी सांसद ने विदेश मंत्री से इराक में लापता 39 भारतीयों के बारे में पूछा था। उन्होंने कहा इसी मसले को लेकर रहा था कि भारतीय विदेश मंत्री की तरफ से इराक में लापता 39 भारतीय नागरिकों के बारे में बोले गए झूठ का पर्दाफाश हो चुका है। मंत्री ने लोगों को गुमराह किया है। उन्होंने कहा था कि 39 भारतीय बादुश की जेल में है। जबकि, सच्चाई कुछ और है। कुख्यात आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) ने वह जेल पहले ही तबाह कर दी थी।

बाजवा के मुताबिक, विदेश मंत्री ने ऐसा कर पीड़ितों के परिजन से गलत किया है। उन्होंने झूठ बोला है और उन्हें ठेस पहुंचाई है। वह इसके खिलाफ संसद में विशेष अधिकार प्रस्ताव भी पेश करेंगे। सुषमा के टि्वटर हैंडल से सिर्फ कांग्रेसी सांसद को ब्लॉक नहीं किया गया, बल्कि कुछ अन्य लोगों को भी दूर किया गया। उनमें वे लोग भी थे, जो भाजपा के कट्टर समर्थक हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक उन्हें फॉलो करते हैं।