कपड़े तो आराम और अपनी पसंद के हिसाब से ही पहनने चाहिए। जरनल आॅफ फैशन मार्केटिंग एंड मैनेजमेंट की रपटों में बताया गया है कि सबसे पहले कपड़ों से ही आपको आंका जाता है। लोग सबसे पहले आपके कपड़ों को देख कर ही आपके बारे में अपनी पहली राय बनाते हैं, इसलिए अपने पहनावे पर अवश्य ध्यान दें। लंदन में हुए एक अध्ययन के अनुसार, अगर पेशेवर लोग अपने पहनावे पर ध्यान दें, तो यह उनकी तरक्की में अहम भूमिका अदा करता है। आपका पहनने का तरीका न केवल आपके सहयोगियों को तारीफ के लिए मजबूर करता है, बल्कि इसकी खबर आपके अधिकारी, यहां तक कि प्रबंधन को भी होती है।
पहचान बनाएं
यह सही है कि इस बात की समझ होनी चाहिए कि कैसे कपड़े पहनने चाहिए। इसके लिए खुद की परिधान चुनने की क्षमता पर भरोसा रखें, किसी और की नकल न करें। दूसरा कैसे कपड़े पहनता है, या जो चलन में है, उसके अनुसार चलने की होड़ में अपने व्यक्तित्व के आकर्षण को कम न करें। अपने हिसाब से खुद को भीड़ से अलग करते हुए, मनचाहा पहनें और अपनी एक पहचान भी बनाएं। आपका पहनावा, व्यक्तित्व को एक आकर्षक पहचान देता है। आपके पहनने का ढंग और सही तरह का पहनावा हर जगह लोगों का ध्यान आपकी ओर खींचता है, फिर चाहे आप इंटरव्यू के लिए जाएं या किसी जलसे में, दफ्तर में कोई प्रेजेंटेशन दे रही हों या बच्चों के स्कूल मीटिंग में जा रही हों, किसी बाजार में हों या किसी के घर गई हों, हर जगह आपकी तारीफ ही होगी। मायने यह रखता है कि आपने कितने सलीके से कपड़े पहने हैं और वे मौके के अनुरूप हैं या नहीं। अगर आप आत्मविश्वास युक्त महसूस करना चाहती हैं, तो कार्यस्थल के लिए फॉर्मल बिजनेस सूट पहनें। एक अन्य शोध के अनुसार, जो लोग नौकरी पर अपने कपड़ों और व्यक्तित्व पर ज्यादा ध्यान देते हैं, वे ज्यादा रचनात्मक होते हैं। ऐसे लोग काम के दौरान जल्दी और सही फैसला ले पाते हैं।
जानें कि क्या जंचेगा
आपका पहनावा व्यक्तित्व को निखारने के साथ-साथ आत्मविश्वास भी पैदा करता है, इसलिए कपड़ों का चयन पूरी तरह सोच-विचार कर करें। क्योंकि इस व्यावसायिक दौर में आपको लेकर बनी धारणाएं आपके पहनावे से भी जुड़ी होती हैं। अगर आप अच्छी तरह से तैयार होती हैं तो खुद भी बहुत अच्छा महसूस करती हैं। कपड़े से स्मार्टनेस झलकनी चाहिए, क्योंकि आपका स्टाइल और पहनावा आपकी सेहत, मूड, आत्मविश्वास, यहां तक कि आपके काम को भी प्रभावित करता है। सिर्फ महंगे कपड़े पहन कर आकर्षक नहीं बना जा सकता, उसके लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि आप पर क्या फबेगा। इसलिए कपड़े खरीदते समय शारीरिक बनावट का ध्यान रखना सबसे अहम होता है। रूप-रंग चाहे कितना ही मनमोहक हो, पर अगर कपड़े सही न पहने हों, तो सारा निखार फीका पड़ जाता है। परिधान का डिजाइन, फैब्रिक, कट और स्टाइल ऐसी होनी चाहिए, जिससे आपके व्यक्तित्व में निखार आए। परिधान खरीदते वक्त उनके रंगों का भी ध्यान रखें।
फैशन मनोविज्ञान
हर फैशन और स्टाइल के पीछे एक मनोविज्ञान होता है और यह बात कई शोधों में सामने आ भी चुकी है। अपने मिजाज के अनुसार कपड़े पहन कर खराब मूड को भी ठीक किया जा सकता है। किसी वजह से आपका मूड खराब है, मगर जैसे ही आप थोड़ा सज-संवर कर बाहर घूमने निकलती हैं, तो आपको सब कुछ अच्छा लगने लगता है। कपड़े बदलने के साथ ही मस्तिष्क को संदेश मिलता है कि उसे क्रियाशील होना है। हम जो कपड़े पहनते हैं, उनका हमारे मूड पर क्या असर होता है? उसका हमारे आत्मविश्वास पर क्या असर होता है? उस कपड़े को पहन कर हमारा पूरा दिन कैसा गुजरता है? ये सब बातें फैशन मनोविज्ञान से जुड़ी हैं।
व्यक्तित्व के अनुसार पहनावा
जो लोग फैशन को लेकर बहुत सचेत होते हैं, उनका पहनावा अक्सर बेहद भड़कीला होता है। वे गहरे रंग के थोड़े चमक-दमक वाले कपड़े या बड़ी-बड़ी एक्सेसरीज पसंद करते हैं। वे फैशन को एक कला के तौर पर देखते हैं। वे हर दिन या हर अवसर पर खुद को विशिष्ट दिखाने या खुद को हमेशा भीड़ से अलग रखने की कोशिश करते हैं। मुखर व्यक्तित्व शैली की एक सबसे बड़ी खासियत यह है कि ऐसे लोग चाहे वे उम्र के किसी भी पड़ाव पर हों, उन्हें नए बदलते चलन को अपनाने में कोई झिझक नहीं होती। इनका फैशन काफी हद तक इनके मूड पर भी निर्भर करता है, जैसे कई बार आप उनको महीनों तक एक ही लुक में देखेंगे, तो कई बार वे आपको रोज-रोज नए लुक में नजर आएंगे। रोमांटिक व्यक्तित्व वाली लड़कियों को छोटी स्कर्ट, फूलों वाले डिजाइन, बेबी पिंक कलर, सिल्क ब्लाउज, एंटीक या मोती के आभूषण पसंद आते हैं। कभी ये पुराने समय के हॉलीवुड स्टाइल में दिखाई देंगी, तो कभी विक्टोरियन युग की ड्रेस में। इन्हें समय-समय पर अलग-अलग समय, काल की रोमांटिक शैली में देखा जा सकता है। पारंपरिक व्यक्तित्व शैली वाले चलन के अनुसार चलने के बजाय एक सुनिश्चित शैली को ही अपनाना पसंद करते हैं। इनका फैशन स्टाइल तय होता है। इनकी अलमारी में आपको ट्वीड्स, ब्लेजर्स, सफेद रंग के टॉप, पेंसिल स्कर्ट्स, डेनिम, मोती के आभूषण, बिना हील की चप्पल, देखने को मिलते हैं। इन्हें तैयार होने में भी समय नहीं लगता है। आरामदेह व्यक्तित्व वाले आराम पर जोर देते हैं। इनको पता होता है कि इन पर क्या जंचेगा। ये ज्यादातर सूती कुर्ते, हलके रंग, ढीली पैंट, मैक्सी स्कर्ट, आदि पहनती हैं।
शरीर की बनावट
अगर आपकी कमर के ऊपर वाला हिस्सा ज्यादा भारी है और इसके मुकाबले हाथ, पैर और कूल्हे पतले हैं, तो आपका शरीर सेब के आकार जैसा है। आप चिपके या कसे कपड़ें न पहनें। सिल्क या कॉटन चुनें और टी-शर्ट या भारी कढ़ाईदार या जरी के कपड़ों या बंद गले वाले कपड़े न खरीदें। ढीले कपड़े पहनें, ताकि आपकी कमर ढंक जाए। छोटी बाजू वाले टॉप और घुटनों तक की लंबाई वाली स्कर्ट पहन सकती हैं। गहरे रंग न पहनें। ऐसे कपड़े पहनें, जिसके आधे हिस्से में धारियां बनी हों। इससे आप लंबी और पतली दिखेंगी। हमेशा अपने लिए ऐसे पतलून चुनें, जिसका सामने का हिस्सा बिल्कुल सादा हो। नाशपाती आकार है, यानी शरीर में वक्ष के मुकाबले कूल्हे ज्यादा चौड़े हैं तो इसे एकदम सही बनावट मानी जाती है। ऐसे कपड़े पहनें, जिनमें आपके कूल्हे थोड़े कम चौड़े लगें। जैसे ए लाइन वाली स्कर्ट पहनें। घेर वाली स्कर्ट या बेल्ट वाली स्कर्ट भी पहन सकती हैं, जिसमें आपकी पतली कमर पर ध्यान आकर्षित होगा।शरीर के निचले हिस्से ध्यान हटाने के लिए चमकीले रंग की ड्रेस या चौड़ी धारी वाले टॉप भी पहन सकती हैं। प्रिंटेड और रंगीन कपड़े पहनें। पैंट, जींस, स्कर्ट या साड़ी अपनी नाभि के नीचे से पहनें। ऑवरग्लास आकार में कूल्हे और वक्ष एक समान होते हैं और कमर पतली होती है। ऐसे कपड़े पहनें, जिनमें फिगर उभरे। आप किसी भी तरह का पतलून पहन सकती हैं। अगर आप खुली पतलून पहन रही हैं, तो इसमें आपकी कमर अच्छी लगेगी। जींस में आपके कूल्हे आकर्षक दिखेंगे। मोटे फैब्रिक वाली ड्रेस न खरीदें।

