
‘केंद्रवाद’ के खिलाफ सबसे अच्छा हथियार हमारी चुनाव और राजनीतिक प्रणाली में बहुलता का प्रावधान है- राज्यों में सत्ता हासिल…

‘केंद्रवाद’ के खिलाफ सबसे अच्छा हथियार हमारी चुनाव और राजनीतिक प्रणाली में बहुलता का प्रावधान है- राज्यों में सत्ता हासिल…

हकीकत मगर यह है कि कांग्रेस को दशकों से गांधी परिवार ने ऐसे चलाया है जैसे कि राजनीतिक दल नहीं,…

भारत के बौद्धिक जगत में राजनीति से कहीं अधिक ध्रुवीकरण है। एक बड़ा वर्ग तो सीधे तौर पर राजनीतिक प्रचार-प्रसार…

उसके बाद ‘मुहब्बत की दुकान’ में चार दिन लंबा जो ‘मिलन-रूठन-कूटन-फूटन’ चला उसने चैनलों तक को ऊबा दिया और अंत…

केंद्र सरकार में मंत्री सत्यपाल सिंह बघेल ने यह कह कर भाजपा कैडरों के अस्पष्ट विचारों पर कब्जा कर लिया…

कई पद ऐसे हैं, जिनको समाप्त करने का समय आ गया है। जिस तरह अंग्रेजी राज में बने कई कानून…

इन दिनों हर बहस में कुछ विपक्षी प्रवक्ताओं का यह ‘तकिया कलाम’ हो चला है कि लोकतंत्र बचाना है। देश…

दीर्घकालीन परिप्रेक्ष्य में समाधान के लिए शिक्षा की ओर ही जाना होगा। प्रारंभिक वर्षों में सभी बच्चों को सभी पंथों…

एक दिन कर्नाटक का सत्ता पक्ष और प्रमुख विपक्ष अपने-अपने घोषणा पत्र का एलान करते हैं। यहीं मालूम होता है…

समाज और राजनीति दोनों में परस्पर सामंजस्य तभी रह सकता है, जब परिष्कारवादी धारा अपनी स्वायत्तता बनाए रखे। उसकी निर्लिप्तता…

जब अपने देश में बजरंग दल जैसी संस्थाओं की तुलना की जाती है जिहादी संस्थाओं से, तो ये वही लोग…

चुनाव प्रचार पूरी तरह से प्रधानमंत्री द्वारा झेले गए ‘अपशब्दों’; भगवान शिव; भगवान हनुमान; बजरंग बली पर केंद्रित हो गया।…