Sakat Chauth 2026 Puja Vidhi, Muhurat, Mantra, Aarti, Vrat Katha, Chand Niklane ka Samay, Today Moon Rise Time Delhi, Noida, Jaipur, Agra Lucknow, Bhagpat LIVE Updates: हिंदू धर्म में माघ मास के कृष्णपक्ष की चतुर्थी तिथि का बहुत ज्यादा महत्व माना गया है क्योंकि इसी दिन संतान के सुख, समृद्धि और लंबी आयु के लिए सकट चौथ का व्रत रखा जाता है। इस तिथि को तिल चतुर्थी, संकष्टी चतुर्थी और माघी चतुर्थी भी कहा जाता है। इस दिन माताएं संतान की लंबी उम्र, तरक्की और अच्छी सेहत के लिए उपवास रखती हैं।
वहीं व्रत का पारण चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद जल ग्रहण करने से किया जाता है। इस साल सकट चौथ का व्रत 06 जनवरी आज रखा जाएगा। यह व्रत सकट माता, भगवान गणेश और चंद्र देवता की पूजा-अर्चना और व्रत से जुड़ा है। आइए जानते हैं तिथि और चंद्रोदय का समय और सबकुछ…
सकट चौथ तिथि 2026 (Sakat Chauth 2026 Kab Hai)
वैदिक पंचांग के अनुसार माघ माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि का आरंभ 06 जनवरी को सुबह 08 बजकर 02 मिनट पर होगा। वहीं इस तिथि का अंत 07 जनवरी को सुबह 06 बजकर 51 मिनट पर होगा। ऐसे में 06 जनवरी को सकट चौथ का व्रत किया जाएगा।
सकट चौथ पूजा का शुभ मुहूर्त
- लाभ – उन्नति – 11:09 AM से 12:27 PM
- अमृत – सर्वोत्तम – 12:27 PM से 01:45 PM
- शुभ – उत्तम – 03:03 PM से 04:21 PM
- लाभ – उन्नति – 07:21 PM से 09:03 PM
सकट चौथ पर चंद्रोदय का समय (Sakat Chauth 2026 Moon Rise Time)
इस दिन चंद्रोदय रात 09 बजे होगा। ऐसे में चंद्र देव को अर्घ्य देने के बाद व्रत का पारण करें।
अर्घ्य देते समय इस बात का रखें ध्यान (Sakat Chauth 2026 Donts)
अर्घ्य देते समय आमतौर पर यह गलती हो जाती है कि जल की धार सीधे पैरों पर गिरती है। ऐसा करना अशुभ माना जाता है। इसलिए हमेशा किसी ऊंचे स्थान पर खड़े होकर अर्घ्य दें या नीचे कोई गमला या थाली रख लें, ताकि जल के छींटे पैरों पर न पड़ें। बाद में उस जल को किसी पौधे में डाल दें। ऐसा करने से बुध ग्रह भी मजबूत होता है।
Patna Moon Time Today 2026: पटना में सकट चौथ का चांद कब दिखेगा
वैदिक पंचांग के अनुसार पटना में सकट चौथ का चांद निकलने का समय रात 8 बजकर 24 मिनट का है। इससे पहले गणेश जी की विधि विधान पूजा करके सकट चौथ की कथा जरूर पढ़ लें।
Today Moon Time In Haryana: हरियाणा में चांद निकलने का समय
वैदिक पंचांग के अनुसार हरियाणा में सकट चौथ का चांद रात 8 बजकर 55 मिनट पर दिखाई दे सकता है। इससे पहले पूजा की पूरी तैयार कर लें।
Mumbai Moon Rise Time: मुंबई में सकट चौथ का चांद कब दिखेगा
मुंबई में सकट चौथ का चांद रात 9 बजकर 24 मिनट पर दिखाई दे सकता है। इसलिए चांद निकलने से पहले भगवान गणेश की विधि विधान पूजा कर लें। इसके बाद ही चांद को अर्घ्य देकर अपना व्रत खोलें।
Rajasthan Mein Chand Kab Dikhega: राजस्थान में सकट चौथ का चांद कब दिखेगा
राजस्थान में सकट चौथ का चांद रात 9 बजकर 2 मिनट पर दिख सकता है। इसलिए चांद निकलने से पहले भगवान गणेश की पूजा संपन्न कर लें।
Lucknow Moon Rise Time Today: आज लखनऊ में चांद कितने बजे निकलेगा
लखनऊ में चांद रात 8 बजकर 42 मिनट पर निकल सकता है। चांद निकलने से पहले भगवान गणेश की पूजा संपन्न कर लें।
Uttarakhand Moon Rise Time: उत्तराखंड में चांद निकलने का समय
उत्तराखंड में चांद रात 8 बजकर 48 मिनट पर दिखाई देगा। इसलि पूजा की तैयारी पहले से ही कर लें
Aaj Chand Nikalne Ka Samay: गाजियाबाद में चांद निकलने का समय
वैदिक पंचांग के अनुसार गाजियाबाद में सकट चौथ का चांद रात 8 बजकर 52 मिनट पर दिखाई दे सकता है। इसलिए चांद निकलने से पहले ही पूजा की तैयारी पूरी कर लें।
Jaipur Mein Chand Kab Dikhega 2026: जयपुर में चांद कब दिखेगा
जयपुर में चांद रात 9 बजकर 1 मिनट पर दिखाई दे सकता है। इसलिए चांद निकलने से पहले भगवान गणेश की पूजा- अर्चना कर लें। इसके बाद ही चांद को अर्घ्य देकर अपना व्रत खोलें।
Sakat Chauth 2026 Moon Time In Delhi Live: दिल्ली में सकट चौथ का चांद कब दिखेगा
सकट चौथ का चांद दिल्ली में रात 8 बजकर 53 मिनट पर दिखाई दे सकता है। इससे पहले ही सकट चौथ की पूजा संपन्न कर लें।
Sakat Chauth 2026 Moon Time In Noida: नोएडा में आज चांद कब दिखेगा?
नोएडा में चांद आज रात 8 बजकर 54 मिनट पर दिखाई दे सकता है। चांद निकलने के बाद चांद को अर्घ्य देकर व्रत का पारण किया जाता है।
सकट चौथ पर बन रहा लक्ष्मी नारायण राजयोग (Sakat Chauth 2026)
वैदिक ज्योतिष अनुसार सकट चौथ पर लक्ष्मी नारायण राजयोग बन रहा है। यह राजयोग बुध और शुक्र की युति से बन रहा है।
सकट चौथ पर इन मंत्रों का करें जाप (Sakat Chauth 2026)
1. ऊँ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटि समप्रभ ।
निर्विघ्नं कुरू मे देव, सर्व कार्येषु सर्वदा ॥
2. ऊँ एकदन्ताय विहे वक्रतुण्डाय धीमहि तन्नो दन्तिः प्रचोदयात् ॥
3. 'गणपूज्यो वक्रतुण्ड एकदंष्ट्री त्रियम्बक:।
नीलग्रीवो लम्बोदरो विकटो विघ्रराजक :।।
धूम्रवर्णों भालचन्द्रो दशमस्तु विनायक:।
गणपर्तिहस्तिमुखो द्वादशारे यजेद्गणम।।
अर्घ्य देते समय इन मंत्रों का करें जाप (Sakat Chauth 2026)
सकट चौथ पर अर्घ्य देते समय 'ॐ सोमाय नमः' या 'ॐ चंद्रमसे नमः' मंत्र का जाप करें। साथ ही, अपनी संतान की सुरक्षा के लिए गणेश जी से प्रार्थना करें।
अर्घ्य देते समय इस बात का रखें ध्यान (Sakat Chauth 2026 Donts)
अर्घ्य देते समय आमतौर पर यह गलती हो जाती है कि जल की धार सीधे पैरों पर गिरती है। ऐसा करना अशुभ माना जाता है। इसलिए हमेशा किसी ऊंचे स्थान पर खड़े होकर अर्घ्य दें या नीचे कोई गमला या थाली रख लें, ताकि जल के छींटे पैरों पर न पड़ें। बाद में उस जल को किसी पौधे में डाल दें। ऐसा करने से बुध ग्रह भी मजबूत होता है।
अर्घ्य देते समय भूलकर भी न करें ये गलतियां (Sakat Chauth 2026 Donts)
शास्त्रों के अनुसार मुताबिक तांबे के बर्तन में दूध डालकर अर्घ्य देने की मनाही है। अगर आप जल में दूध मिला रहे हैं, तो चांदी, पीतल या कांसे के लोटे का उपयोग करें। ऐसा करने से आप पर सूर्य देव की कृपा बनी रहेगी।
सकट चौथ के दिन सुबह स्नान करने के बाद साफ- सुथरे वस्त्र धारण करें। इसके बाद भगवान गणेश और सकट माता की पूजा-अर्चना करें। वहीं विघ्नहर्ता को चंदन, कुमकुम, हल्दी, अक्षत और फूल आदि अर्पित करें। साथ ही दीपक जलाकर आरती करें। व्रत का संकल्प लें। व्रत कथा का पाठ करें। तिल के लड्डू और फल समेत आदि चीजों का भोग लगाएं। वहीं अंत में हाथ जोड़कर प्रार्थना करें।
सकट चौथ पर लगाएं इन चीजों का भोग (Sakat Chauth Bhog)
सकट चौथ के दिन भगवान गणेश को तिल से बनी चीजों का भोग लगाना बेहद शुभ माना जाता है। ऐसे में तिल के लड्डू, तिलकुट, गुड़धानी और फल समेत आदि चीजों का भोग लगाएं। ऐसा करने से आपको धन- समृद्धि की प्राप्ति होगी। साथ ही भगवान गणेश की कृपा बनी रहेगी।
सकट चौथ पर करें इन मंत्रों का जाप (Sakat Chauth 2026)
1. ऊँ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटि समप्रभ ।
निर्विघ्नं कुरू मे देव, सर्व कार्येषु सर्वदा ॥
2. ऊँ एकदन्ताय विहे वक्रतुण्डाय धीमहि तन्नो दन्तिः प्रचोदयात् ॥
3.‘गणपूज्यो वक्रतुण्ड एकदंष्ट्री त्रियम्बक:।
नीलग्रीवो लम्बोदरो विकटो विघ्रराजक :।।
धूम्रवर्णों भालचन्द्रो दशमस्तु विनायक:।
गणपर्तिहस्तिमुखो द्वादशारे यजेद्गणम।।
4. ॐ वक्रतुण्डैक दंष्ट्राय क्लीं ह्रीं श्रीं गं गणपते वर वरद सर्वजनं मे वशमानय स्वाहा।
सकट चौथ पर पंचांग 2026 (Sakat Chauth 2026 Panchang)
सकट चौथ शुभ मुहूर्त और चंद्रोदय (Sakat Chauth 2026 Shubh Muhurat)
सकट चौथ पर इन कार्यों को करने से बचना चाहिए (Sakat Chauth 2026)
सकट चौथ व्रत को रखने वाले व्यक्ति को क्रोध करने और झूठ बोलने या फिर किसी की आलोचना आदि करने से बचना चाहिए। साथ ही सकट चौथ व्रत वाले दिन साधक को भूल से भी तामसिक चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए। मतलब शराब, प्याज और लहसुन का सेवन नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से गणेश जी रुष्ट हो सकते हैं।
गणेश चौथ पर भद्रा का साया (Sakat Chauth 2026)
वैदिक पंचांग के अनुसार सकट चौथ पर भद्रा: सुबह में 07:15 ए एम से 08:01 ए एम तक है। इस समय पर पूजा करने से बचना चाहिए।
सकट चौथ पर बन रहे हैं 3 शुभ योग (Sakat Chauth 2026 Shubh Yog)
1-सर्वार्थ सिद्धि योग: सुबह 07:15 बजे से दोहपर 12:17 बजे एम तक2-प्रीति योग: प्रात:काल से लेकर रात 08:21 पी एम तक3- आयुष्मान् योग: रात 08:21 पी एम से कल शाम तक
सकट चौथ पर चंद्रोदय का समय (Sakat Chauth 2026 Moon Rise Time)
सकट चौथ व्रत के दिन चांद रात में 9 बजकर 25 मिनट पर निकलेगा। इसी वक्त महिलाएं चंद्रमा को अर्घ्य देकर व्रत का पारण करेंगी।
करियर और कारोबार में बनेंगे तरक्की के योग (Sakat Chauth Upay 2026)
आज सकट चौथ पर श्री गणेश भगवान को मोदक का भोग लगाएं। साथ ही उनके सामने घी का दीपक जलाएं। ऐसा करने से करियर और कारोबार में तरक्की के योग बनेंगे।
सकट चौथ के दिन एक पान का पत्ता लें और उसके मध्य में रोली से स्वास्तिक का चिन्ह बनाएं। इसके बाद वह पान का पत्ता भगवान गणेश को अर्पित करें। साथ ही गणेश जी के मंत्र का 108 बार जप करें। मंत्र है - ‘ऊँ गं गणपतये नमः'। ऐसा करने से आपको आरोग्य की प्राप्ति होगी। साथ ही बीमारी से मुक्ति मिलेगी।
धन- समृद्धि के लिए सकट चौथ पर करें ये उपाय (Sakat Chauth Upay)
सकट चौथ के दिन तिल और गुड़ के लड्डू बनाएं और गणेश भगवान की विधि-विधान से पूजा करके उन लड्डुओं से भोग लगाएं और बाकि बचे लड्डुओं को प्रसाद के रूप में परिवार के सब सदस्यों में बांट दें। ऐसा करने से घर के लोगों में प्रेम बना रहेगा। साथ ही सुख- समृद्धि और संपन्नता घर में बनी रहेगी।
सकट चौथ पर करें ये उपाय (Sakat Chauth Upay)
सकट चौथ के दिन भगवान गणेश को बूंदी के लड्डुओं का भोग लगाएं। भोग लगाने के बाद बचे हुए लड्डूओं को छोटी कन्याओं में बांट दें और उनका आशीर्वाद लें। ऐसा करने से आपके रुके हुए कार्य बनेंगे। साथ ही कष्टों से मुक्ति मिलेगी।
सकट चौथ पर गणेश जी की आरती (Ganesh Ji Ki Aarti)
जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा.माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा.एकदन्त दयावन्त, चार भुजाधारी.माथे पर तिलक सोहे, मूसे की सवारी.पान चढ़े फूल चढ़े, और चढ़े मेवा.लड्डुअन का भोग लगे, सन्त करें सेवा.जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा.माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा.अँधे को आँख देत, कोढ़िन को काया.बाँझन को पुत्र देत,निर्धन को माया.सूर श्याम शरण आए, सफल कीजे सेवा.माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा.दीनन की लाज राखो, शम्भु सुतवारी.कामना को पूर्ण करो, जग बलिहारी.जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश देवा.माता जाकी पार्वती, पिता महादेवा.
