उत्तर प्रदेश के पीलीभीत से भारतीय जनता पार्टी के सांसद वरुण गांधी ने एक बार फिर अपनी पार्टी पर निशाना साधा है। उन्होंने रोजगार के लिए नागपुर से दिल्ली आ रहे युवाओं को अरेस्ट करने पर सरकार के लोकतांत्रिक मूल्यों पर सवाल उठाया है।

वरुण गांधी ने नागपुर से दिल्ली मार्च पर निकले अर्धसैनिक बलों के उम्मीदवारों की गिरफ्तारी का एक वीडियो अपने ट्विटर अकाउंट पर शेयर किया है। इसके साथ ही उन्होंने लिखा, “नागपुर से दिल्ली, हाथों में तिरंगा। यह देश के युवा हैं, अधिकार मांग रहे हैं। 2018 से संघर्षरत इन युवाओं में से कितनों ने आत्महत्या कर ली, अब इन्हें गिरफ्तार किया जा रहा है। हमारे लोकतांत्रिक मूल्य कहां हैं? हम अपने ही युवाओं के साथ इतना निष्ठुर व्यवहार कैसे कर सकते हैं?”

बीएसएफ जवानों की समस्या पर किया था ट्वीट: सांसद वरुण गांधी ने इससे पहले भी सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों की समस्या को लेकर ट्वीट किया था। सांसद ने ट्विटर पर एक अखबार में छपी रिपोर्ट का हवाला देते हुए लिखा था कि बीएसएफ में 20 से 22 हजार पद खाली, 20 सालों में प्रमोशन। साथ ही लिखा कि पिछले दस सालों में 1205 जवानों ने ली अपनी जान। फिर भी मेरा देश महान।

बीजेपी सांसद आए दिन बेरोजगारी के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरते रहते हैं। इससे पहले भी उन्होंने 2018 से 2020 तक दो सालों का आंकड़ा पेश करते हुए कहा था कि इस दौरान बेरोजगारी की वजह से 25 हजार युवाओं ने आत्महत्या कर ली। उन्होंने इन आंकड़ों का जिक्र कर सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द सरकारी नौकरियों के खाली पड़े पदों को भरा जाए, ताकि युवा इस तरह का कदम ना उठाएं। इसके साथ ही उन्होंने संविदा की जगह स्थायी और नियमित नौकरियों को बढ़ावा देने की भी अपील की।

आगरा पहुंचे अभ्यर्थी: गौरतलब है कि महाराष्ट्र से भर्ती की मांग को लेकर दिल्ली जा रहे सैकड़ों अर्धसैनिक बल के अभ्यर्थी शुक्रवार को आगरा पहुंचे। उम्मीदवार महाराष्ट्र के नागपुर से दिल्ली तक मार्च पर हैं, जहां वे 25 जुलाई को जंतर मंतर पर विरोध प्रदर्शन करेंगे। अभ्यर्थी सरकार से अर्धसैनिक बलों में रिक्त पदों को भरने के लिए भर्ती अभियान शुरू करने की मांग कर रहे हैं। ये सभी अभ्यर्थी लगभग 44 दिनों से लगातार चल रहे हैं।