उत्तर प्रदेश सरकार 24 जनवरी को ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ के रूप में मना रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार (आज) सुबह अपने ट्वीटर एकाउंट से ट्वीट कर प्रदेशवासियों को ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ की बधाई देते हुए कहा कि आइये, हम सभी देश और प्रदेश के उत्थान के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ प्रयास करें। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि भारत के उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू मौजूद थे। बता दें कि उत्तर प्रदेश 24 जनवरी 1950 को अस्तित्व में आया जब भारत के गवर्नर जनरल ने यूनाइटेड प्राविंसेज (आल्टरेशन ऑफ नेम) ऑर्डर 1950 पारित किया था।

‘अवध शिल्प ग्राम’ में ‘विश्वकर्मा श्रम सम्मान’ का आयोजन किया गया। जिसका शुभारंभ मुख्यमंत्री और राज्यपाल ने दीप जलाकर किया। बता दें कि इस दौरान प्रदेश की सांस्कृतिक धरोहरों और परंपराओं को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रमों को आयोजित किया गया। इस दिन सरकार द्वारा प्रादेशिक लघु उद्यमी पुरस्कारों का वितरण भी किया गया।

राज्यपाल राम नाईक ने दिया था सुझाव- बता दें कि यूपी के राज्यपाल राम नाईक ने वर्ष 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से 24 जनवरी 2015 को यूपी दिवस के तौर पर मनाने का आग्रह किया था। राज्यपाल का कहना था कि महाराष्ट्र में रहने वाले उत्तर भारतीय यूपी दिवस मनाते हैं मगर यहां इसे नहीं मनाया जाता है। जिसके बाद प्रदेश में बीजेपी की सरकार बनने के बाद सीएम योगी ने 24 जनवरी को ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ के रूप में मनाने का निर्णय लिया।

क्या है इतिहास- मौजूदा उत्तर प्रदेश को वैदिक काल में ब्रहमर्षि या मध्य देश कहा जाता था। जिसके बाद मुगल काल में इसे विभाजित कर दिया गया। 24 जनवरी 1950 को उत्तर प्रदेश अस्तित्व में आया जब भारत के गवर्नर जनरल ने यूनाइटेड प्राविंसेज (आल्टरेशन ऑफ नेम) ऑर्डर 1950 पारित किया था। इसके तहत प्रदेश का नाम यूनाइटेड प्राविंसेज रखा गया। बाद में उत्तर प्रदेश को विभाजित कर उत्तराखंड का गठन  किया गया।

गौरतलब है कि आज महाराष्ट्र में भी उत्तर प्रदेश के नागरिकों के लिए यूपी दिवस का आयोजन हो रहा है। यह समारोह 24 जनवरी, शाम 5 बजे सांताक्रुज के लायंस क्लब ग्राउंड पर आयोजित होगा। इस समारोह में राज्यपाल राम नाईक, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी शामिल होंगे।

कई कार्यक्रमों का हुआ आयोजन- ‘उत्तर प्रदेश दिवस’ में कार्यक्रम के दौरान विश्वकर्मा श्रम सम्मान एवं टूल किट का वितरण किया गया। साथ ही खेल पुरस्कार का वितरण भी किया गया। हस्तशिल्प, लघु उद्यम, निर्यात पुरस्कार, संतकबीर पुरस्कारों का वितरण किया गया। इस दौरान उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, डॉ. दिनेश शर्मा, विधान सभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित, सुरेश कुमार खन्ना, सत्यदेव पचौरी, लक्ष्मी नारायण चौधरी, चेतन चौहान, डॉ. नीलकंठ तिवारी, डॉ. अनूप चंद्र सहित तमाम नेता और अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान स्मार्ट सिटी मिशन के अंतर्गत लखनऊ तथा अमृत योजना के अंतर्गत लखनऊ, हरदोई एवं उन्नाव की परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास किया गया। इसके अलावा सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।